Monday, 16 August 2021

महिलाओं के रोजगार संकट पर जल्द फैसला न होने पर आम आदमी पार्टी करेगी आंदोलन

देहरादून। आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता कर्नल अजय कोठियाल ने टेक होम राशन स्कीम पर जारी किए गए टेंडर को लेकर एक बार राज्य सरकार के निर्णय पर सवाल खड़ा किया है। उन्होंने कहा मेरे उत्तराखंड में सरकार मेरी बहनों से उनका रोजगार छीन रही है, इससे ज्यादा पीड़ा देने वाली बात और क्या हो सकती है।विषम परिस्थिति में अपने कामों के बीच समय निकल कर रोजगार करने वाली हमारी मातृशक्ति के साथ राज्य सरकार छलावा कर रही जिससे सीधे तौर पर 40 हजार से ज्यादा महिलाएं प्रभावित हो रही हैं।कर्नल कोठियाल ने कहा अगर सरकार हमारी 40 हजार बहनों के रोजगार संकट को लेकर जल्द ही कोई सकारात्मक फैसला नहीं करती है तो आम आदमी पार्टी इस फैसले और हमारी बहनों के हक के लिए बड़ा आंदोलन करेगी। कर्नल कोठियाल ने कहा, टेक होम राशन स्कीम जिससे हमारी गढ़वाल और कुमाऊं की बहनों को रोजगार मिल रहा था अब उसे भाजपा सरकार निजी हाथों में बेच रही है। क्या इसी दिन के लिए हमारे शहीदों ने कुर्बानियां दी थी? क्या इसी दिन के लिए राज्य आंदोलन में हमारी माताओं ने बढ़चढ़कर हिस्सा लिया था? क्या हमने अपने लिए अलग राज्य सिर्फ इसलिए बनाया था ताकि हम अपने राज्य को पूंजीपतियों को सौंप दें? रक्षाबंधन आने वाला है। रक्षाबंधन पर जिस तरह हर भाई अपनी बहन की रक्षा का वचन देता है उसी तरहआज हम टेक होम राशन योजना से जुड़ी उत्तराखंड की सभी बहनों को वचन देते हैं आपके अधिकार की रक्षा के लिए हर तरह का संघर्ष करेंगे। हमारे रहते हुए कोई इस तरह हमारी बहनों का रोजगार नहीं छीन सकता। इसके अलावा कर्नल अजय कोठियाल ने कहा, हम अपनी बहनों को वचन देते हैं कि बस 6 महीने का इंतजार कीजिये, आपका भाई आम आदमी पार्टी की सरकार बनते ही न केवल टेक होम राशन योजना का काम अपनी बहनों को सौंपेगा, बल्कि जनहित से जुड़ी सभी योजनाओं में अपनी बहनों की भागेदारी सुनिश्चित करेगा। उन्होंने कहा कि देश में राखी का त्योहार आने को है, और बहनों को तोहफा देने के बजाय उत्तराखंड की महिला विरोधी सरकार इस टेक होम राशन स्कीम का ठेकेदारी करण कर तकरीबन 40 हजार महिलाओं का रोजगार छीनने का काम करने जा रही है। जो बहुत निंदनीय और दुर्भाग्यपूर्ण है। इस स्कीम के तहत आंगबाडी केन्द्रां में पोषण युक्त राशन शिशु और पात्रों के लिए बांटा जाता था, लेकिन अब राज्य सरकार इस आहार को लैब से टेस्ट करवाकर वितरण प्रणाली अनिवार्य कर रही है, जिसके लिए टेंडर आमंत्रित किए हैं और इससे कई समूहों में काम कर रहे महिलाओं का रोजगार छिनना तय है। इसके अलावा कर्नल कोठियाल ने कहा कि, बीजेपी महिला सशक्तिकरण की बात करती है लेकिन वो सिर्फ एक दिखावा है, दरअसल बीजेपी महिला विरोधी सरकार है और इस स्कीम को निजी हाथों में देना इसका सबसे बडा प्रमाण है।

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