Tuesday, 14 September 2021

संतोष सबसे बडा धन, यह लोभ कषाय को कम करके शुचिता का भाव लाता

देहरादून। जैन समाज के 10 लक्षण महापर्व के अवसर पर पूजा अर्चना के साथ-साथ सभी श्रद्धालु भक्ति भाव में तल्लीन होकर 108 मुनि श्री विबुद्ध सागर जी एवम 105 क्षुल्लक श्री समर्पण सागर जी महाराज के सानिध्य में देव भक्ति में लीन रहे। जिनवाणी जागृति मंच द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम की श्रंखला में लघु नाटिका नियम का फल का रात्रि में आयोजन किया गया, जिसका उद्देश्य यह था कि नियम का फल मिलता ही मिलता है। नियम ले तो उसका पूर्णतया पालन भी करें। इसी के साथ सभी महिलाओं ने भव्य सामूहिक आरती थाल सजाओ प्रतियोगिता में प्रतिभाग किया। पांचवे दिन उत्तम शौच धर्म का दिन था। शौच धर्म के बारे में मुनिराज ने कहा कि उत्तम शौच धर्म अर्थ ही है अपरिग्रह के साथ मन को प्रसन्न बनाना अर्थात शुचिता का दिन है। यह लोभ के अभाव में आती है। लोभ एक ऐसी कषाय है जो बहुत दुःख देती है। हमारी इच्छाएं बढ़ती रहती हैं और हम उन्हंे पूरा करना का लोभ करते हैं। ये हमारी तृष्णा है। एक इच्छा कम्प्लीट होने के बाद नेक्स्ट की इच्छा होती है। यह क्रम निरन्तर बना रहता है।’ मरूस्थल की धूप में पानी को देखने के समान यह लोभ हमे लुभाता है, दौड़ाता है। यह इच्छा, तृष्णा मन की एक ऐसी प्यास है जो बनी रहती है। संतोष ही सबसे बडा धन है, यह लोभ कषाय को कम करके आत्मा में पवित्रता, शुचिता का भाव लाता है। हम इच्छाओ की पूर्ति के चक्कर मे अपने सारे सम्बन्धों, उपदेशो को ताक पर रख देते है। में महाराज श्री ने कहा कि इच्छाएं तो अनंत हैं हर एक में दुखी है तो अपना भला चाहो तो संतोष में सुख है। इस अवसर पर जैन भवन मंत्री संदीप जैन ने जानकारी देते हुए बताया कि 15 सितंबर को मूक माटी संस्था द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम रात्रि 7 बजे किया जाएगा रोजाना भव्य संस्कार सांस्कृतिक कार्यक्रम जैन धर्मशाला मंदिर प्रांगण में किए जा रहे हैं। इस अवसर पर मीडिया प्रभारी मधु सचिन जैन, हर्ष जी महामंत्री, आशीष जैन, अर्जुन जैन (संयोजक), अमित जैन, अजित जैन, नरेश, सचिन जैन, ममलेश, सुनील, सुखमाल जैन, मोनिका जैन, पूर्णिमा जैन, जुली जैन, प्रीति जैन, ज्योति जैन, प्राची जैन, रेखा जैन, सुप्रिया जैन, आशी जैन, सुनैना जैन, मोनिका जैन, ध्रुव, अरिहंत, तनिस्क़्, शिवि, सीया, गुंजा, आशीती, नित्या और प्रतिभा अकेडमी के बच्चे आदि मौजूद रहे।

Featured Post

कोरोना काल के पश्चात राफ्टिंग का प्रारंभ होना बेहद सुखदः महाराज

ऋषिकेश। पर्यटन व्यवसाय से जुड़े 15 हजार लोगों को पर्यटन विभाग की ओर से अब तक 7 करोड़ की धनराशि वितरित की जा चुकी है। उक्त बात गंगा नदी राफ...