Sunday, 31 January 2021

अंडरग्राउंड गैस पाइपलाइन में ब्लास्ट होने से मचा हड़कंप, टला बड़ा हादसा

हरिद्वार। ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र में बीते देर रात अंडरग्राउंड गैस पाइपलाइन में ब्लास्ट होने से हड़कंप मच गया। ब्लास्ट होने के बाद भी गैस पाइप लाइन में कई घंटे तक एलपीजी गैस लीकेज होती रही। स्थानीय लोगों ने घटना की सूचना प्रशासन और कंपनी के अधिकारियों को दी, सूचना मिलने पर एसडीएम गोपाल सिंह और गैस कंपनी के अधिकारी मौके पर पहुंचे। कई घंटे की मशक्कत के बाद गैस लीकेज को बंद किया गया और एक बड़ा हादसा होने से टल गया। मौके पर पहुंचे एसडीएम गोपाल सिंह ने कहा कि गैस पाईप लाइन में लीकेज हुई थी और हो सकता है कि लीकेज की वजह से ही ब्लास्ट हुआ हो। मगर गनीमत यह रही कि आग नहीं लगी। एसडीएम ने कहा कि मौके पर देखा गया है कि एक मीटर से ऊपर की पाइप लाइन दबी हुई है। पास में ही एक प्लॉट है, उसके मालिक द्वारा ही गड्ढा खोदा जा रहा था। जिस वजह से यह घटना हुई है। जेसीबी मशीन को कब्जे में ले लिया गया है और आगे की कार्रवाई जारी रहेगी। बता दें कि पहले भी हरिद्वार में कई जगह अंडरग्राउंड गैस पाइप लाइन में ब्लास्ट और गैस लीकेज की घटना हो चुकी है। इसके बावजूद भी प्रशासन द्वारा कोई कार्रवाई नहीं किया जाता है।

नई आबकारी नीति से व्यापारियों में असमंजस की स्थिति

देहरादून। मौजूदा भाजपा सरकार में तीसरी बार आबकारी नीति में बदलाव किया गया है। बहरहाल बीते साल में कोविड और लॉकडाउन से हुए नुकसान से उभरने की उम्मीद में व्यापारियों ने सरकार से उम्मीद लगाई हुई थी कि शायद कुछ राहत दी जाएगी। वहीं, शनिवार को कैबिनेट में संशोधित अबकारी नीति को मंजूरी मिल गई है, जिसमें कई नए बदलाव किए गए हैं। बदली हुई आबकारी नीति के अनुसार अब दो वर्षों के लिए शराब की दुकानों का आवंटन ई-टेंडरिंग के माध्यम से होगा। वहीं, सभी दुकानों का राजस्व नए सिरे से तय होगा और दुकानों में बचा हुआ स्टॉक विभाग को हैंडओवर किया जाएगा। टेंडर के लिए आवेदन शुल्क भी बढ़ाकर 40 हजार से 50 हजार किया गया है। इस बार भी देसी शराब की दुकान में बीयर की बिक्री की अनुमति दी गयी है और शराब की दुकानों को खोलने का समय भी सुबह 10 बजे से शाम 10 बजे तक निर्धारित किया गया है। कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक द्वारा दी गई नई आबकारी नीति के इस जानकारी को लेकर शराब व्यापारी अभी कन्फ्यूजन की स्थिति में है। कुछ शराब व्यापारियों को लगता है कि सरकार ने आबकारी नीति में कुछ बेहतर बदलाव किए हैं। वहीं, कुछ व्यापारियों का कहना है कि इस संशोधित आबकारी नीति को लेकर वस्तुस्थिति शासनादेश जारी हो जाने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। साथ ही व्यापारियों का यह भी कहना है कि 2 साल तक होने वाली ई-टेंडरिंग से नुकसान उठाना पड़ सकता है।

शुरू हुआ पल्स पोलियो प्रतिरक्षण अभियान, कोविड टीकाकरण अभियान भी चलेगा

देहरादून। रविवार से पल्स पोलियो अभियान शुरू हो गया है। राजधानी देहरादून व ऊधमसिंह नगर सहित अन्य जिलों में भी पल्स पोलियो अभियान शुरू हो गया है। हरिद्वार में एक सप्ताह तक चलने वाले अभियान के दौरान सरकारी अस्पतालों में तैनात में स्वास्थ्यकर्मियों को केवल दो दिन कोविड वैक्सीनेशन किया जाएगा। जबकि वैक्सीनेशन के निर्धारित दिनों पर निजी स्वास्थ्यकर्मियों को कोविड टीका लगाया जाएगा। पल्स पोलियो अभियान के मद्देनजर स्वास्थ्य विभाग कोविड वैक्सीनेशन की कार्ययोजना में बदलाव किया है। आज पोलियो बूथ पर पांच वर्ष से कम उम्र के बच्चों को दवा पिलाई जाएगी। इसके बाद एक फरवरी से वैक्सीनेटर घर-घर जाकर बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाएंगे। यह अभियान आठ फरवरी तक चलेगा। इस एक सप्ताह के दौरान सरकारी अस्पताल में तैनात स्वास्थ्यकर्मियों को केवल बुधवार और शनिवार को ही कोविड टीका लगाया जाएगा। हालांकि इस दौरान वेक्सीनेशन के निर्धारित दिनों पर निजी अस्पतालों के स्वास्थ्यकर्मियों टीका लगाया जाएगा। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग नई सेशन साइट भी बनाएगा। एसीएमओ डॉ. अजय कुमार ने बताया कोविड के साथ पल्स पोलियो अभियान भी चलाया जाएगा। इस दौरान सरकारी स्वास्थ्यकर्मियों को दो दिन टीका लगाया जाएगा। उन्होंने बताया कि नौ फरवरी से एक बार सभी निर्धारित दिनों कोविड टीकाकरण होगा। राष्ट्रीय पल्स पोलियो प्रतिरक्षण अभियान के तहत उत्तरकाशी जिले में 340 बूथों पर 34983 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य रखा गया है। डीएम मयूर दीक्षित ने तैयारी बैठक में संबंधित अधिकारी कर्मचारियों को इस संबंध में आवश्यक दिशा निर्देश दिए। बैठक में सीडीओ पीसी डंडरियाल, एसडीएम देवेंद्र नेगी एवं आकाश जोशी, प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डा. एसडी सकलानी, एसीएमओ डा .बिपुल बिस्वास आदि मौजूद रहे। उधर, रुद्रप्रयाग के जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डा. गोपाल सिंह सजवाण ने बताया कि जिले में 298 बूथ पर 23189 बच्चों को पोलियो की दवा पिलाई जाएगी।

करंट लगने से टस्कर हाथी की मौत

देहरादून। रामनगर के गौजानी में करंट लगने से टस्कर हाथी की मौत हुई है। कॉर्बेट की बिजरानी सीमा से करीब 50 मीटर दूर हाथी का शव मिला है। खेत में लगे बिजली के तार को सूंड से खींचने से लगे करंट से हाथी की मौत हुई है। किसान ने सुरक्षा की दृष्टि से खेत में बिजली का बल्ब लगाया था। सम्भवतया यह हाथी वही है, जिसे शनिवार को देर शाम वनकर्मी और स्थानीय चोरपानी से जंगल को खदेड़ने का प्रयास कर रहे थे। बगीचे के माली नंदकिशोर ने इसकी सूचना दी है। बगीचे के बुजुर्ग मालिक रामनगर में रहते हैं और उन्होंने देखभाल के लिए माली को रखा हुआ है। सुबह उसने खेत में पड़े हुए हाथी को देखा तो इसकी सूचना खेत के मालिक और ग्राम प्रधान को दी।

19 फरवरी से दिखने लगेगा रंग-बिरंगे पक्षियों का संसार

कोटद्वार। कालागढ़ टाईगर रिजर्व वन प्रभाग के रथुवाढ़ाब में तीन दिवसीय स्प्रिंग बर्ड फेस्टिवल का आयोजन होने जा रहा है। कालागढ़ टाइगर रिजर्व वन प्रभाग ने फेस्टीवल के लिए पूरी तैयारी कर ली। जिसके तहत बर्ड फेस्टिवल का आयोजन 19 फरवरी से 21 फरवरी तक रथुवाढ़ाब में होगा। कालागढ़ टाइगर रिजर्व के अंतर्गत पड़ने वाले हल्दुपड़ाव, कोल्हुचैड, कांडा क्षेत्र में देश-विदेश से पर्यटक बाघ का दीदार करने पहुंचे हैं। लेकिन आगामी 19 फरवरी से पर्यटक इस क्षेत्र में पक्षियों का भी दीदार कर सकेंगे। बर्ड फेस्टिवल में बारटेल्ड ट्री क्रीपर, डॉलर बर्ड, ब्राउन फिश आउल, ब्लैक कैप्ड किंगफिशर, बार विंग्ड फ्लाई कैचर श्राइक, ब्लैक स्टोक, रूफस जार्जेट, फ्लाई कैचर, इंडियन ईगल आउल, स्नोई ब्राड फ्लाई कैचर, ब्लू कैप्ड, लेसर फिश ईगल, स्टैप ईगल, नेपाल रेन बैबलर, पिन टेल पिजन जैसे कई प्रजाति के पक्षियों को आसानी से देखा जा सकता है। वहीं, कालागढ़ टाइगर रिजर्व वन प्रभाग के प्रभागीय वनाधिकारी अखिलेश तिवारी ने बताया कि तीन दिवसीय स्प्रिंग बर्ड फेस्टिवल 19 फरवरी से पौड़ी जिले के रथुवाढ़ाब में होने जा रहा है। जिसके लिए पूरी तैयारी कर ली गई हैं. कालागढ़ टाइगर रिजर्व की ओर से यह फेस्टिवल किया जा रहा है।

हरिद्वार और काशीपुर में साइकिल रैली का आयोजन

हरिद्वार/काशीपुर। वातावरण को प्रदूषण से बचाने और ईंधन की खपत को कम करने के उद्देश्य से सरकार लगातार लोगों को जागरूक करने का प्रयास करती है। इसी कड़ी में रविवार को हरिद्वार में भारत पेट्रोलियम और पीसीआरए के संयोजन में एक साइकिल रैली का आयोजन किया गया.। हरिद्वार रेलवे स्टेशन के निकट भारत पेट्रोलियम के पेट्रोल पंप से शुरू हुई। साइकिल रैली को मेला अधिकारी दीपक रावत ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। रैली में सभी प्रतिभागियों को पर्यावरण संरक्षण की शपथ भी दिलाई गई। इस साइकिल रैली में बड़ी संख्या में साइकिल सवार युवा और बच्चे शामिल हुए। रैली शहर भर के कई प्रमुख रास्तों से होते हुए लोगों को जागरूक करेगी। इस मौके पर मेला अधिकारी दीपक रावत ने कहा कि भारत पेट्रोलियम और पीसीआरए की ओर से यह अच्छा कदम है। इससे लोग ईंधन कि कम से कम खपत करने के लिए जागरूक होंगे। वहीं, साइकिलिंग से उनके स्वास्थ्य को भी लाभ होगा इसे हमें अपनी आम दिनचर्या में डालना चाहिए। क्लीन एंड ग्रेवन सामाजिक संस्था के द्वारा पेट्रोलियम उत्पादों का कम से कम उपयोग करने तथा पर्यावरण को सुरक्षित रखने पर जोर देने के उद्देश्य से एक साइकिल रैली का आयोजन किया गया। साइकिल रैली को काशीपुर के नवनियुक्त एएसपी प्रमोद कुमार ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। रैली पेट्रोल पंप से मानपुर तिराहा, पॉलीटेक्निक रोड, सीतापुर आंखों के अस्पताल की तरफ से विजयनगर के रास्ते लगभग एक किलोमीटर की दूरी तय करके वापस दिव्यराज पेट्रोल पंप पर समाप्त हुई। वहां, रैली में शामिल सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र और मैडल देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर सुरक्षा के लिहाज से रैली के रूट पर पुलिस पिकेट तैनात रही।

किसानों के लिए दिए विवादित बयान पर आप में उबाल

रुड़की। झबरेड़ा विधायक देशराज कर्णवाल द्वारा किसानों के लिए दिए गए विवादित बयान पर आम आदमी पार्टी ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। आप के प्रदेश प्रवक्ता एडवोकेट महक सिंह सैनी ने विधायक के बयान की निंदा की है। उन्होंने कहा कि किसानों के वोटों से विधायक की कुर्सी पर बैठे देशराज कर्णवाल को शोभा नहीं देता की वह किसानों के बारे में ऐसे शब्दों का इस्तेमाल करें। उन्होंने कहा कि देश के अन्नदाताओं का अपमान किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। विधायक को अपने बयान पर माफी मांगनी चाहिए। ऐसे में उनकी विधायक की सदस्यता समाप्त कर देनी चाहिए, जो किसानों का सम्मान करना नहीं जानता। उन्होंने कहा कि भाजपा नेता अहंकारी हो चुके हैं और सत्ता के नशे में चूर होकर गलत बयानबाजी कर रहे हैं। वहीं झबरेड़ा विधानसभा से आप पार्टी के नेता राजीव विराटिया ने भी झबरेड़ा विधायक के बयान की कड़े शब्दो में निंदा की। उन्होंने कहा कि विधायक सत्ता के नशे में गलत बयानबाजी कर रहे हैं। कुछ दिन पहले विधायक का एक ऑडियो भी वायरल हुआ था, जिसमें विधायक एक मिल अधिकारी को धमकाते हुए गाली देते सुनाई दे रहे हंै। बाद में विधायक ने प्रेस वार्ता कर खंडन भी किया था, और अब किसानों को लेकर गलत बयान दिया है।

ड्रग्स के खिलाफ जनक्रांति विकास मोर्चा ने किया प्रदर्शन

देहरादून। जनक्रांति विकास मोर्चा के सदस्यों ने रविवार को ड्रग्स पर अंकुश लगाने की मांग को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया है। मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने बिंदाल पुल स्थित एक कॉम्प्लेक्स परिसर में धरना देते हुए ड्रग्स माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने डीजीपी को एक ज्ञापन भी प्रेषित किया है। मोर्चा के सदस्यों को कहना है कि उत्तराखंड में ड्रग्स को लेकर पंजाब और मुंबई जैसे हालात बन रहे हैंघ्। प्रदेश में सक्रिय ड्रग्स माफिया तेज गति से अपने नेटवर्क को बढ़ाते हुए युवाओं को नशे के दलदल में धकेल रहे हैं। मोर्चा के केंद्रीय अध्यक्ष अमित जैन का कहना है कि समाज विरोधी ताकतें ड्रग्स माफियाओं के रूप में उत्तराखंड की संस्कृति को बदरंग कर नौजवानों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। अमित जैन के मुताबिक, उत्तराखंड के डीजीपी से आग्रह किया गया है कि उत्तराखंड की संस्कृति व नौजवानों के उज्जवल भविष्य की रक्षा के संकल्प को ध्यान में रखते हुए ड्रग्स माफियाओं पर कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।

केन्द्र सरकार के प्रति हरीश रावत हुए मुखर

रुड़की। दिल्ली में हुई हिंसा के बाद राजनीति पूरी तरह से गर्मा गई है। विपक्ष लगातार किसान आंदोलन का समर्थन कर रहा है। वहीं, कृषि कानूनों के खिलाफ विपक्ष बीजेपी सरकार को घेरने में जुटा है। इसी कड़ी में पूर्व सीएम हरीश रावत मंगलौर के थीथकी कवादपुर गांव पहुंचे, जहां उन्होंने किसानों के साथ चाय पर चर्चा। कार्यक्रम में उनकी समस्याएं सुनींपूर्व सीएम हरीश रावत ने इस दौरान किसानों के साथ चर्चा की और उनकी समस्याओं को जाना। उन्होंने भाजपा सरकार पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कृषि कानून पर सरकार को हठधर्मिता छोड़ किसानों की बात मान लेनी चाहिए, ताकि किसान अपने मूल काम खेती बाड़ी की तरफ वापस लौट सकें। उन्होंने 26 जनवरी को दिल्ली में हुई हिंसा का जिम्मेदार भाजपा सरकार को ठहराया और सरकार की नीतियों की निंदा की। हरदा ने कहा कि 26 जनवरी को दिल्ली में जो हुआ वो निंदनीय है। इसके लिए भाजपा सरकार जिम्मेदार है। पुलिस की आड़ में एक पार्टी विशेष के लोग किसानों को बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। आंदोलन परबल प्रयोग कर कुचलना चाहते हैं. देश के अन्नदाताओं के साथ कांग्रेस कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी है।

मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय संगठन ने किया पद्मश्री डा. वीकेएस संजय का स्वागत

देहरादून, गढ़ संवेदना न्यूज। मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय संगठन द्वारा राष्ट्रीय कार्यालय 85 विजय पार्क में डॉक्टर बीकेएस संजय जो कि पद्मश्री सम्मान के लिए चुने गए हैं, उनका स्वागत एवं सम्मान कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें संगठन के चेयरमैन सचिन जैन ने कहा कि बीकेएस संजय को यह पुरस्कार मिलना संपूर्ण उत्तराखंड के लिए सौभाग्य की बात है। डॉक्टर साहब ने समस्त उत्तराखंड का मान बढ़ाया है और समस्त उत्तराखंड वासी उनके इस सम्मान से अपने को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं। डॉक्टर साहब ने हमेशा अमीर हो चाहे गरीब मरीज की सेवा की है उसके इलाज के दौरान हाथ पैर ना काटने पड़े यह उनका प्रयास रहता है। इस अवसर डॉक्टर बीकेएस संजय ने संस्था के सभी सदस्यों का धन्यवाद करते हुए आभार जताया और कहा कि यह मेरा नहीं समस्त देशवासियों का सम्मान है। मेरा यह प्रयास रहेगा कि मैं हर भारतवासी की सेवा इसी तरह करता रहूं और संगठन द्वारा जो मुझे यह सम्मान दिया गया है वह उसका ह्रदय से आभार प्रकट करता हूं। इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष मधु जैन, नरेश चंद जैन, पंकज जैन, लच्छू गुप्ता, योगेश अग्रवाल, विश्वनाथ, बीना जैन, जितेंद्र डंडोना ने अपने विचार रखे और उनको बधाई एवं शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर प्रखर चमोली जो जन्म से ही बोल नहीं सकता सुन नहीं सकता हां जिसे अपनी प्रतिभा से एथलेटिक्स में राज्य स्तर पर बैडमिंटन में राज्य स्तर पर बैडमिंटन में राष्ट्रीय स्तर पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलो इंडिया खेलो में बैडमिंटन में खेलो इंडिया खेलो एथलेटिक्स में उत्तराखंड अवार्ड से भी नवाजा गया है को संगठन द्वारा सम्मानित किया गया। इस अवसर पर कुलदीप विनायक, एससी शतपथी, राजकुमार तिवारी, राकेश चमोली, शब्दावली भारद्वाज, एसपी सिंह, डॉक्टर पीके गोयल, राहुल चैहान, आशु जैन, शशि जैन, पंकज जैन, हरि ओम, ओम, सारिका चैधरी, डॉक्टर दिनेश शर्मा, हरीश कटारिया, बीएल कोठियाल, राजेश जैन आदि मौजूद रहे।

भाजपाइयों ने सुनी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मन की बात

देहरादून, गढ़ संवेदना न्यूज। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राष्ट्र को समर्पित जीवन समाज के अंतिम व्यक्ति तक की चिंता उसके लिए चिंतन केवल भाजपा कार्यकर्ताओं ही नहीं राष्ट्र के प्रत्येक व्यक्ति के लिए प्रेरणा स्त्रोत है भारतीय जनता पार्टी प्रदेश प्रवक्ता विनय गोयल ने आज पार्षद मीनाक्षी मौर्य के गांधी ग्राम आवास पर प्रधानमंत्री मोदी के मन की बात कार्यक्रम को सुनने के पश्चात कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि विश्व का प्रथम व्यक्ति हो या किसी ग्राम का अंतिम व्यक्ति प्रधानमंत्री विभिन्न संचार माध्यमों एवं व्यक्तिगत रूप से सभी से संपर्क रखते हैं देश को ऐसा नेतृत्व मिला है जिसने न सिर्फ भारत की अंतरराष्ट्रीय छवि को निखारा है वरन विकास के नए आयामों को छूकर भारतीय परिवारों के रहन-सहन के स्तर को भी ऊंचा किया है। महानगर मीडिया प्रभारी राजीव उनियाल ने बताया की भारतीय जनता पार्टी द्वारा महानगर के विभिन्न शक्ति केंद्रों पर मन की बात कार्यक्रम को सुनने हेतु व्यवस्था की गई इसके साथ ही राज्यसभा सांसद नरेश बंसल, कैंट विधायक हरबंस कपूर, रायपुर विधायक उमेश शर्मा काऊ, रेशम फेडरेशन के चेयरमैन अजीत चैधरी ने अपने अपने आवास प्रदेश उपाध्यक्ष देवेंद्र भसीन ने फरीदाबाद में, धर्मपुर विधायक विनोद चमोली महानगर मीडिया प्रभारी राजीव उनियाल ने कारगी चैक स्थित पार्षद कार्यालय पर, पार्षद सतीश कश्यप ने वार्ड 78 शक्ति केंद्र प्रमुख नाथीराम दीवान के आवास पर ,महानगर अध्यक्ष सीताराम भट्ट ने दिल्ली यात्रा करते हुए अपने वाहन में, महानगर महिला मोर्चा ने अंबेडकर मंडल मै, महानगर अनुसूचित जाति मोर्चा ने महानगर कार्यालय परेड ग्राउंड पर ,अल्पसंख्यक मोर्चा ने अध्यक्ष जावेद आलम के आवास पर सैकड़ों की संख्या में कार्यकर्ताओं के साथ प्रधानमंत्री के 2021 के प्रथम मन की बात कार्यक्रम को सुना मन की बात को सुनने वालों में प्रमुख कार्यकर्ताओं में अनंत सागर, बचन सिंह चैहान, राजपाल पयाल, शशि जोशी , नवीन नौटियाल, महेश डोभाल, भुवनेश कुकरेती, शुभम तिवारी, लच्छू गुप्ता, भानु पंचोली, ओम प्रकाश, देव लाल, रोहित मौर्य, आशीष बलूनी, भीमसेन मौर्य, इसराइल मलिक, कौशलेंद्र सिंह, संजीव सिंघल ,राजाराम, मनीष भट्ट ,गौरव बूढ़ा कोटी, देवीदयाल रावत, कमली भट्ट, पूनम शर्मा, सर्वेश्वरी थपलियाल, इंदु पुंडीर, वैजयंती माला, शांति उनियाल , रजनी तड़ियाल आदि सम्मिलित रहे।

जस्टिस राजेश टण्डन का मानवाधिकार संगठन ने किया स्वागत

देहरादून, गढ़ संवेदना न्यूज। मानवाधिकार एवम सामाजिक न्याय संगठन के जस्टिस राजेश टण्डन को जयपुर में डॉक्टरेट मानक उपाधि मिलने पर संगठन के चेयरमैन सचिन जैन द्वारा पुरकुल हेरिटेज ग्रीन में उनका स्वागत किया गया। इस अवसर पर जस्टिस राजेश टंडन ने सचिन जैन, मधु जैन एवं आए हुए सभी सदस्यों का पदाधिकारियों का बहुत-बहुत धन्यवाद और आभार प्रकट किया और कहा कि भविष्य में मेरे लिए यह पल अविस्मरणीय पल में गिना जाएगा। इस अवसर पर संगठन के चेयरमैन सचिन जैन ने कहा कि यह हम सब के लिए सौभाग्य की बात है कि जस्टिस राजेश टण्डन को इस उपाधि से सम्मानित किया गया। जिससे लिए हम सभी का मनोबल बढ़ा है। आपने हमेशा हमारे मार्गदर्शक के रूप में हमारा मार्गदर्शन किया है। इस अवसर पर प्रदेश अध्यक्ष मधु जैन ने कहा कि आपने हमेशा संगठन को परिवार के रूप में सरंक्षण किया है। आपके द्वारा दिये गए निरंतर आर्शीवाद से संगठन अपने सामाजिक कार्यों में अपना सहयोग करता रहता है। इस अवसर पर पंडित एस सी शतपथी, कुलदीप विनायक, लच्छू गुप्ता, राजकुमार तिवारी, गीता वर्मा, राहुल चैहान, मंजू शर्मा, दिनेश शर्मा, विशम्भर नाथ बजाज, अकबर सिद्दिकी आदि मौजूद रहे।

Saturday, 30 January 2021

किसान संघर्ष समन्वय समिति ने रखा गांधी जयंती पर उपवास

देहरादून
। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के शहादत दिवस के अवसर आज किसान समन्वय समिति के वैनर तले तत्वावधान पर विभिन्न संगठनों ने गांधी पार्क के समीप उपवास रखा। इस दौरान महात्मा गांधी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की। इस अवसर पर आयोजित सभा को सम्बोधित करते हुऐ विभिन्न वक्त्तफाओं ने गांधी के हत्यारों नाथूराम गोडसे के कृत्यों तथा उसके अनुयायियों संघ परिवार की कडे शब्दों में निन्दा की। कहा है कि सत्ता मे बैठे मोदी सरकार गोडसे की नीतियों को आगे बढाने की साजिश कर रही जिसे कामयाब नहीं होने दिया जाएगा। वत्तफाओं ने कहा कि यह सरकार जनविरोधी, किसान विरोधी है तथा प्रत्येक जनतांत्रिक आन्दोलन को बदनाम करने पर तुली हुई है। यह सरकार असमाजिक तत्वों तथा संघी लोगों के माध्यम से किसान आन्दोलन पर हमला करवाने में लगी हुई है। कहा कि पुलिस का उपयोग आन्दोलनकारियों को डराने धमकाने ,दमन करने के लिये कर रही है। किसानों व उनके नेताओं को झूठे मूकदमो में फसाने का कार्य कर रही है। इसके बावजूद भी इन्हें किसानों, आम जनता द्वारा मुहतोड़ जबाब दिया जा रहा है। इस अवसर पर किसान सभा के प्रदेश महामंत्री गंगाधर नौटियाल महामंत्री कमरूद्दीन,ीटू के का अध्यक्ष राजेंद्र सिंह नेगी, जिला अध्यक्ष किशन गुनियाल, महामंत्री लेखराज, एसएफआई के अध्यक्ष नितिन मलेठा, महामंत्री हिमांशु चैहान, कर्मचारी नेता एसएस नेगी, किसान नेता सुरेंद्र रावत, माला गुरूंग, अमर बहादुर शाही ,सुधा देवली गय्यूर ,अयाज खान,अय्यूब हसन,राज्य आन्दोलनकारी.जब्बर सिंह पावेल ,अनन्त आकाश, डाक्टर बिजयशंकर शुक्ला, बिजय भटृ, इन्देश नौटियाल ,महिला समिति के उमा नौटियाल, नुरैशा अंसारी सीमा लिंगवाल, राजी बिष्ट, रविन्द्र नौडियाल ,अर्जुन रावत, रामराज, रोशन मौर्य आदि बडीघ् संख्या में लोग उपवास में बैठे।

किसानों को बदनाम करने को बीजेपी कर कररही साजिशः रविंद्र जुगरान

देहरादून
। आम आदमी पार्टी के नेता रविंद्र जुगरान ने किसान आंदोलन और किसानों को बदनाम करने की साजिश के पीछे भाजपा के शामिल होने की बात कही है। आज आप कार्यालय में पत्रकारों से वार्ता करते हुए रविंद्र जुगरान ने कहा कि भाजपा किसानों को बदनाम करने की साजिश कर रही है। इनके लोग चाहे दिल्ली में लालकिला हो, गाजीपुर बॉर्डर हो या मुज्जफरनगर, हर जगह किसानों को बदनाम करने के लिए उनके बीच शामिल होकर इस आंदोलन को कुचलने के साथ-साथ किसानों को बदनाम करने के प्रयासों में लगातार लगे हैं। कुछ लोगों की तस्वीरें दिखाते हुए उन्होंने कहा कि चाहे लाल किला पर हमला हो या गाजीपुर में उग्र प्रदर्शन, इन सबमें भाजपा के लोग दिखाई दे रहे हैं। जिससे यह साफ होता है कि कैसे ये बीजेपी के लोग आंदोलन में घुसकर, किसानों को बदनाम कर रहे। उनके साथ बीजेपी धोखा कर रही। जुगरान ने कहा कि पिछले दिनों मीडिया और सोशल मीडिया के जरिए ऐसी कई तस्वीरें बार-बार सामने आ रही हैं जिसमें बीजेपी कार्यकर्ता किसानों के बीच हर जगह किसान बनकर भीड़ में शामिल हुए और इस दौरान हुए उग्र प्रदर्शन में बीजेपी के ये लोग शामिल रहे। जिनमें ज्यादातर कार्यकर्ताओं की फोटो पार्टी के बड़े नेताओं समेत प्रधानमंत्री, सांसदों के साथ रही है। कहा कि लाल किले पर हमले में बीजेपी के लोग शामिल थे। सिंधु बॉर्डर पर भी भाजपा के लोग शामिल थे जिससे साफ पता चलता इस आंदोलन को कुचलने के पीछे भाजपा की ही साजिश है। गाजीपुर बॉर्डर पर किसानों के आंदोलन को कुचलने के लिए बिजली पानी तक काट दिया था लेकिन दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने किसानों को परेशान नहीं होने दिया और उनके लिए पानी की व्यवस्था करवाई। आप नेता रविन्द्र जुगरानल ने कहा कि भाजपा शुरू से तीनों कृषि कानूनों को जबरदस्ती लागू कर किसानों को सड़कों पर लाने की साजिश में लगी थी। उसके बाद किसानों को बरगलाने के लिए बीजेपी के कई नेता मैदान में उतर कर कृषि कानूनों के पक्ष और किसानों के खिलाफ अनर्गल बयानबाजी पर उतर आए थे। आम आदमी पार्टी शुरू से किसानों के हित की बात करती रही है। चाहे आंदोलन के दौरान दिल्ली में उनको तमाम व्यवस्थाएं करने से लेकर केंद्र को किसानों को जेल बनाने के लिए स्टेडियम की मांग को दरकिनार किया। आप के मुख्यमंत्री केजरीवाल, उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया समेत दिल्ली के कई आप नेता लगातार आंदोलन के दौरान किसानों से मिलने बॉर्डर पर धरनास्थल पहुंचे।

विस्थापितों पर दायर याचिका वापस होंगी

देहरादून। टिहरी बांध परियोजना से प्रभावित 415 परिवारों के खिलाफ न्यायालय में दायर मामलों को टीएचडीसी द्वारा वापस लिया जाएगा। वहीं टीएचडीसी के पास उपलब्ध 21 हेक्टयेर भूमि को भी वापस लिया जाएगा। कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज को टिहरी विस्थापित परिवारों ने उनसे मिल कर उनका आभार व्यक्त किया। इस दौरान सिंचाई मंत्री ने कहा कि टीएचडीसी की खाली भूमि को आवंटित किया जाएगा और इस भूमि को टिहरी विस्थापितों को दिया जाएगा। विदित हो कि बांध परियोजना से प्रभावित 415 परिवारों की पुनर्वास संबंधी समस्याओं के निराकरण के लिए सिंचाई मंत्री के नेतृत्व में सांसद माला राज्य लक्ष्मी शाह, टिहरी विधायक धन सिंह नेगी, घनसाली विधायक शक्ति लाल शाह, प्रतानगर विधायक विजय पाल सिंह पंवार ने केंद्रीय ऊर्जा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) राजकुमार सिंह के साथ बैठक आयोजित कर उनकी समस्याओं का हल किया गया।इस बैठक में तय किया गया कि टिहरी बांध के 415 पात्र विस्थापित परिवारों की समस्याओं का दो माह के भीतर निस्तारण किया जाएगा। विस्थापितों की भूमि की वैल्यूएशन के लिए ऊर्जा सचिव केंद्र सरकार और सिंचाई सचिव ने उत्तराखण्ड सरकार को निर्देशित किया है। वहीं टीएचडीसी मुख्यालय को ऋषिकेश से हटाने की अटकलों पर भी कैबिनेट मंत्री ने विराम लगाते हुए कहा कि टीएचडीसी का मुख्यालय ऋषिकेश में ही रहेगा। बताया कि बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि टीएचडीसी के अधिकारियों और कर्मचारियों के ट्रांसफर और प्रमोशन के लिए शीघ्र ही पॉलिसी बनाई जाएगी। टिहरी बांध विस्थापितों के लिए निशुल्क सीवर और पानी की व्यवस्था के साथकृसाथ आधे दाम पर बिजली देने के लिए भी जल्द ही कमेटी का गठन किया जाएगा। आवागमन संबंधी कठिनाइयों को देखते हुए बैठक में निर्णय लिया गया कि टिहरी बांध प्रभावित प्रतापनगर क्षेत्र के लिए सात बोट एवं दो बसों का संचालन किया जाएगा। उन्होंने बताया कि घनसाली महाविद्यालय के भवन निर्माण के लिए सीएसआर फंड से धनराशि दी जाएगी।

आपसी झगड़े में पत्नी ने पति को उतारा मौत के घाट

चमोली। जिले के जोशीमठ में आपसी विवाद को लेकर हो रहा पति-पत्नी का झगड़ा इतना बढ़ गया कि पत्नी ने सिलबट्टा उठाकर पति पर वार कर दिया। जिससे पति के सिर पर गंभीर चोट आई और इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। घटना से आसपास के क्षेत्रों में हड़कंप मच गया है। घटना शुक्रवार देर रात की बताई जा रही है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मिली जानकारी के अनुसार जोशीमठ के रविग्राम के काफी समय से रामू ऋषिदेव और उसकी पत्नी संगीता देवी किराए पर रह रहे थे। शुक्रवार रात करीब नौ बजे दोनों में किसी बात को लेकर झगड़ा हुआ। झगड़ा इतना बढ़ा कि संगीता ने रामू के सिर पर सिलबट्टा दे मारा। जिस कारण रामू गंभीर रूप से घायल हो गया। देर रात रामू को घायल अवस्था में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लाया गया। जहां उसने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और संगीता को गिरफ्तार कर लिया गया। बताया गया कि दोनों पति-पत्नी मजदूरी करते थे। जोशीमठ के कोतवाल सत्येंद्र सिंह नेगी ने बताया कि घटना की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंचकर पत्नी को गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि रामू ऋषिदेव पर उनकी पत्नी संगीता देवी ने आपसी झगड़े के दौरान सिलबट्टा से वार किया। जिसके बाद उसकी मौत हो गई। घटना के बाद संगीता देवी के विरुद्ध हत्या का मामला दर्ज कर दिया गया है।

सतीश कुमार व सुरेश चन्द्र को सेवानिवृत्ति पर दी गई भावभीनी विदाई

देहरादून
। उप कोषाधिकारी विकासनगर सतीश कुमार साहनी एवं सुरेश चन्द्र घिल्डियाल लेखाकार को सेवानिवृत्त होने पर कोषागार कर्मचारी संघ देहरादून द्वारा भावभीनी विदाई दी गई। जिसमें पूर्व मुख्य कोषाधिकारी नरेन्द्र कुमार सिंह, वर्तमान मुख्य कोषाधिकारी रोमिल कुमार चैधरी, उप महानिरीक्षक निबन्धन एपी सिंह, उप कोषाधिकारी राजीव गुप्ता, सहायक कोषाधिकारी राधेश्याम पाल, योगेश कुमार, परमीत सिंह, गिरिश लाल, यतीन शाह, कमाल पाशा रब्बानी, श्रेया श्0ााह, प्रियंका सोहनी, सहायक कोषाधिकारी रेनू त्रिपाटी, भरत सिंह, यशपाल, पंकज हटवाल, राजेश्वर एवं हेमचन्द्र डांगी आदि उपस्थित रहे।

कलेक्टेªट में पुण्यतिथि पर राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि अर्पित की गई

देहरादून
। राष्ट्रीय पिता महात्मा गांधी को उनकी पुण्यतिथि पर यहां कलेक्टेªट परिसर में जिलाधिकारी डाॅ आशीष कुमार श्रीवास्तव ने परिसर में स्थित राजस्व, निर्वाचन, निबन्धक, सूचना एवं अन्य विभागीय अधिकारियों व कर्मचारियों के साथ दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की। श्रद्धांजलि के अवसर पर जिलाधिकारी ने कहा कि साबरमती के संत राष्ट्रपिता महात्मागांधी जी ने सत्य और अंहिसा के मंच से भारत को स्वतंत्रता के पावन ध्येय के लिए जागृत किया। उन्होंने पूज्य बापूजी के जीवन मूल्यों को आत्मसात कर उनके बताए मार्ग पर पूर्ण निष्ठा के साथ चलना ही उनको सच्ची श्रद्धांजली है।

दून में उच्च अधिकारियों ने लगवाया कोविड का टीका, अन्य हेल्थकेयर वर्कर से भी की अपील

देहरादून। जनपद में कोविड-19 टीकाकरण अभियान गति पकड़ चुका है। जनपद के सरकारी चिकित्सालयों, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों, केन्द्रीय स्वास्थ्य संस्थानों के साथ-साथ निजी कोविड चिकित्सालयों में हेल्थ केयर वर्करों का टीकाकरण किया जा रहा है। टीकाकरण के क्रम में जनपद के कई वरिष्ठ अधिकारियों ने जिम्मेदारी के साथ आगे आकर कोविड का टीका लगवाया, और अन्य हेल्थकेयर वर्कर को संदेश दिया है कि कोविड का टीका सुरक्षित है। टीकाकरण सुरक्षित और आवश्यक है। टीकाकरण से ही हम कोरोना के विरुद्ध लड़ाई को निर्णायक बना सकते हैं। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ0 अनूप कुमार डिमरी ने महात्मा गांधी राजकीय चिकित्सालय में कोविड का टीका लगवाया। डॉ0 डिमरी ने कहा कि यह हम सबका सौभाग्य है कि कोरोना के विरुद्ध वैश्विक लड़ाई में हम अपने देश में विकसित किया गया टीका लगवा रहे हैं। उन्होंने कहा कि टीका पूर्णतः सुरक्षित है। किसी भी टीके को लगाने के बाद सामान्य बुखार जैसे लक्षण दिखते हैं, यह टीके का दुष्प्रभाव नहीं होता। कोविड का टीका लगाने के बाद भी बुखार आना सामान्य बात है। उन्होंने कहा कि टीका लगने के बाद भी मास्क का उपयोग करना, सामाजिक दूरी का पालन करना तथा नियमित रूप से हाथ धोना आवश्यक है। अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी, एन0 एच0एम0, देहरादून डॉ0 एन0के0 त्यागी द्वारा भी कोविड का टीका लगवाया गया। उन्होंने कहा कि हम सबको टीकाकरण अभियान में बढ़चढ़ कर आगे आना होगा। टीका पूर्णतः सुरक्षित है। समस्त हेल्थ केयर वर्कर और फ्रंटलाइन वर्कर ने कोरोना संक्रमण के दौर में असुरक्षित माहौल में अपना कार्य किया है। इसलिए सरकार ने उन्हें सबसे पहले इस टीके की सौगात दी है। सभी हेल्थ केयर वर्कर को आगे आकर टीका लगवाना चाहिए। जिला क्षय रोग नियंत्रण अधिकारी डॉ0 सुधीर कुमार पाण्डेय को भी कोविड का टीका लग चुका है। उन्होंने बताया कि उन्हें भी टीका लगने के बाद किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं हुई है। सरला थपलियाल, ए एन एम, गांधी शताब्दी नेत्र चिकित्सालय देहरादून में वैक्सीनेटर के पद पर तैनात हैं, जो हेल्थ केयर वर्कर को टीका लगा रहीं हैं और स्वयं भी टीका लगवा चुकी हैं। उन्होंने बताया कि हेल्थ केयर वर्कर टीका लगवाने के लिए आगे आ रहे हैं। अभी तक जितने वर्कर का टीकाकरण किया है उनमें से किसी को भी कोई दिक्कत नहीं हुई है। टीका लगने के बाद बुखार आना सामान्य प्रक्रिया है। टीका पूर्णतः सुरक्षित है। गीता, गांधी शताब्दी चिकित्सालय में टीकाकरण का कार्य कर रही हैं। उनका कहना है कि वे कोविड टीकाकरण को लेकर काफी उत्साहित हैं। वे अपना भी टीका लगवा चुकी हैं। टीका लगने से उन्हें कोई परेशानी नहीं हुई है। प्रमोद नेगी, विकासनगर ब्लॉक में ब्लॉक कार्यक्रम प्रबंधक पर कार्यरत हैं और कोविड वैक्सीन लगवा चुके हैं। अमित राणा, कालसी ब्लॉक में वरिष्ठ सहायक के पद पर कार्यरत हैं, और काविड वैक्सीन लगवा चुके हैं। विमला, विकासनगर में आशा कार्यकत्री हैं और कोविड का टीका लगवा चुकी हैं। संगीता, रायपुर ब्लॉक में आंगनवाड़ी कार्यकत्री हैं और कोविड का टीका लगवा चुकी हैं।पूर्णिमा, भी रायपुर ब्लॉक में आंगनवाड़ी कार्यकत्री हैं और कोविड का टीका लगवा चुकी हैं। जनपद देहरादून में कोविड टीकाकरण से अभी तक कोई भी दुष्प्रभाव की घटना नहीं है। कोविड का टीका पूर्णतः सुरक्षित है, जिसे सभी आवश्यक प्रक्रियाओं और ट्रायल के बाद ही भारत सरकार द्वारा अनुमति दी गयी है। वैश्विक स्तपर पर भी कोरोना संक्रमण से बचाव का एकमात्र उपाय टीकाकरण ही है। अतः सभी से अपील है कि अपनी बारी आने पर कोविड का टीका अवश्य लगवाएं।

ग्राफिक एरा विवि में कोरोना काल में सराहनीय कार्य करने वाले कर्मवीरों को सम्मानित किया गया

देहरादून
। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने ग्राफिक एरा विश्वविद्यालय देहरादून में आयोजित कार्यक्रम में कोरोना काल में सराहनीय कार्य करने वाले कर्मवीरों को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर पर्यावरण मित्रों, स्वास्थ्य कर्मियों, पुलिस एवं प्रशासन के अधिकारियों तथा इस दौरान विभिन्न माध्यमों से जन सेवा करने वाले लोगों को भी सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में नर्सिंग ऑफिसर शिवानी, रामेश्वरी के साथ ही कोविड के दौरान सराहनीय कार्य करने वाले प्यार सिंह, कृष्णा प्रसाद एवं स्वास्थ्य, पूलिस, प्रशासन एवं सामाजिक क्षेत्र में कार्य करने वालों को सम्मानित किया गया। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि जिन कोरोना कर्मवीरों को सम्मान दिया जा रहा है, उन्होंने कोविड काल में अपनी जिम्मेदारी को सामाजिक जिम्मेदारी मानव सेवा समझकर कार्य किया। ऐसे अनेक लोगों ने इस दौरान सराहनीय कार्य किया। उन्होंने कहा कि आज देश कोरोना के संकट से तेजी से उभर रहा है। किसी भी समस्या के समाधान के लिए जागरूकता का होना बहुत जरूरी है। देश एवं प्रदेश में कोरोना के प्रभावी नियंत्रण में जन जागरूकता की महत्वपूर्ण भूमिका रही है। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि 15 मार्च 2020 को उत्तराखण्ड में कोरोना का पहला मामला आया था। कोविड के दौरान जनहित में कड़े निर्णय भी लेने पड़े। इसके परिणामस्वरूप राज्य आज कोविड को नियंत्रित करने की स्थिति में हैं। कोविड के दौरान राज्यवासियों का सरकार को पूरा सहयोग मिला। गरीबों एवं असहायों की मदद के लिए अनेक लोग आगे आये। हमारे वैज्ञानिकों के अथक प्रयासों से आज भारत में वैक्सीन ही नहीं बन रही है, बल्कि दुनियां के 20 देशों को भारत वैक्सीन दे रहा है। वसुधैव कुटुम्बकम की भारत की जो सोच रही है, उस दिशा में कार्य हो रहा है। कोविड के दौरान हमारे अनेक स्वास्थ्य कर्मियों ने अपना बलिदान दिया। इस अवसर पर ग्राफिक एरा विश्वविद्यालय के चांसलर प्रो. कमल घनसाला, वरिष्ठ पत्रकार संजय अभिज्ञान, ग्राफिक एरा विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. आर. के शर्मा, आर.जे. काव्य आदि उपस्थित रहे।

टिहरी झील महोत्सव का 16 व 17 फरवरी को कोटी कालोनी में होगा भव्य आयोजन

देहरादून
। पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने अवगत कराया कि आगामी 16 व 17 फरवरी को टिहरी के कोटी काॅलोनी में टिहरी झील महोत्सव-2021 का भव्य आयोजन किया जायेगा। पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने बताया कि ‘‘विश्व मानचित्र में विशिष्ट पहचान दिलाने व पर्यटन की गतिविधियों को बढ़ावा देते हुए स्थानीय युवाओं को रोजगार मुहैया कराकर उनकी आर्थिक स्थिति को बेहतर बनाने के उद्देश्य से दो दिवसीय टिहरी महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है।’’ पर्यटन सचिव दिलीप जावलकर ने बताया कि ‘‘कोविड महामारी के बाद पर्यटन के पुर्नरूद्धार के लिए राज्य सरकार लगातार प्रयास कर रही है। मुझे पूरा विश्वास है कि हम दोबारा उत्तराखण्ड पर्यटन को एक नये मुकाम तक पहुंचायेंगे। हमें टिहरी झील महोत्सव में पर्यटन की दृष्टि से अच्छा रूझान मिलने की उम्मीद है।’’ टिहरी महोत्सव की नोडल अधिकारी पूनम चंद ने बताया कि टिहरी झील महोत्सव में पर्यटकों हेतु विभिन्न प्रकार की साहसिक गतिविधियां यथा वाटर स्पोर्ट्स में बोटिंग, जेटस्की, बनाना राईड, सर्फिंग, क्याकिंग, केनोइंग, स्कूवा डाइविंग, लैण्ड स्पोर्ट्स प्रतियोगिता में मांउटेन टरेन बाइकिंग, एटीवी बाईक, तीरअन्दाजी, एयरो स्पोर्ट्स में पैराग्लाईडिंग, पैरामोटर, हाॅट ऐयर बलून आदि उत्तराखण्ड पर्यटन विकास परिषद के साहसिक विंग के दिशा निर्देशन में आयोजन किया जायेगा। टिहरी झील महोत्सव में उत्तराखण्ड की पारंपरिक देव डोलियों की शोभायात्रा भी निकाली जायेंगी जो आकर्षण का मुख्य केन्द्र होगी। टिहरी झील महोत्सव में प्रसिद्ध कलाकारों द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रमों की सुन्दर प्रस्तुतियां दी जायेंगी। दो दिवसीय महोत्सव में विभिन्न प्रकार के हस्त शिल्प एवं स्थानीय उत्पादों की स्टाॅल प्रदर्शनी, विभिन्न प्रकार के स्थानीय पकवानों के स्टाॅल, पुरानी टिहरी एवं वर्तमान टिहरी शहर से जुड़ी विभिन्न प्रकार के चित्रों की प्रदर्शनी, टिहरी रियासत से जुड़ी पुरानी वस्तुओं की प्रदर्शनी का भी आयोजन किया जायेगा। दो दिवसीय महोत्सव में योग का भी आयोजन किया जायेगा। टिहरी झील को सफल बनाने के लिए ईवा श्रीवास्तव जिलाधिकारी टिहरी द्वारा समितियों का गठन किया गया है। स्थानीय स्कूली छात्र-छात्राओं की ब्लाक स्तर पर ‘‘अपनी टिहरी’’ के नाम से पेन्टिंग व गायन-वादन, नृत्य प्रतियोगिताएं प्रत्येक ब्लाक स्तर पर करायी जा रही हैं। इस प्रतियोगिता में प्रथम आने वाले बच्चों को टिहरी झील महोत्सव में प्रतिभाग का अवसर दिया जायेगा। देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों को टिहरी के इतिहास व संस्कृति को बेहद रोचक तरीके से बता सकें। जिसके लिए स्टोरी टेलिंग सैशन, हैरिटेज वाॅक व नेचर वाॅक के लिए स्थानीय 20 युवाओं को गाईड के तौर पर प्रशिक्षण दिया जायेगा, जिन्हें भारत सरकार के पर्यटन मंत्रालय द्वारा आयोजित आनलाईन गाईड ट्रेनिंग से भी जोड़ा जायेगा।

एयरटेल ने 5जी रेडी नेटवर्क की घोषणा की

देहरादून। भारत के प्रमुख संचार समाधान प्रदाता, भारती एयरटेल (“एयरटेल“) ने एक प्रमुख उपलब्धि की घोषणा करते हुए बताया कि यह हैदराबाद शहर में एक वाणिज्यिक नेटवर्क पर लाइव 5जी सेवा का सफलतापूर्वक प्रदर्शन और आयोजन करने वाली देश की पहली टेलीकॉम कंपनी बन गई है। एयरटेल ने अपने मौजूदा लिबरालाइज्ड स्पेक्ट्रम को 1800 मेगाहर्ट्ज बैंड में एनएसए (नॉन स्टैंड अलोन) नेटवर्क तकनीक के माध्यम से किया। अपनी तरह के पहले डायनैमिक स्पेक्ट्रम शेयरिंग का उपयोग करते हुए, एयरटेल ने उसी स्पेक्ट्रम ब्लॉक में 5जी और 4जी को समवर्ती रूप से संचालित किया। इस प्रदर्शन ने सभी डोमेन - रेडियो, कोर और ट्रांसपोर्ट में एयरटेल के नेटवर्क की 5जी तत्परता को सशक्त रूप से मान्य किया है। मौजूदा टेक्नोलॉजी की तुलना में एयरटेल 5जी 10ग स्पीड, 10ग लेटेंसी और 100ग कंसीकरंसी देने में सक्षम है। विशेष रूप से, हैदराबाद में, उपयोगकर्ता 5जी फोन पर महज कुछ सेकंडों में एक पूरी फिल्म को डाउनलोड करने में सक्षम थे। इस प्रदर्शन ने कंपनी की तकनीकी क्षमताओं को रेखांकित किया है। हालांकि 5जी अनुभव का पूर्ण प्रभाव, हमारे ग्राहकों के लिए तब उपलब्ध होगा, जब पर्याप्त स्पेक्ट्रम उपलब्ध होगा और सरकार की मंजूरी मिल जाएगी। गोपाल विट्ठल, एमडी और सीईओ, भारती एयरटेल ने कहा, “मुझे अपने उन इंजीनियरों पर गर्व है जिन्होंने आज हैदराबाद के तकनीकी शहर में इस अविश्वसनीय क्षमता के प्रदर्शन के लिए अथक प्रयास किए हैं। हमारे हर एक निवेश को भविष्य में प्रमाणित किया जाता है क्योंकि हैदराबाद में यह गेम चेंजिंग टेस्ट साबित हुआ है। एयरटेल इस क्षमता को प्रदर्शित करने वाला पहला ऑपरेटर बन गया है।

न वार, न प्रहार केवल सत्य व्यवहारः स्वामी चिदानन्द सरस्वती

ऋषिकेश। महात्मा गांधी जी की 73वीं पुण्यतिथि के पावन अवसर पर परमार्थ निकेतन में प्रार्थना सभा का आयोजन किया गया जिसमें परमार्थ निकेतन परिवार के सदस्यों और परमार्थ गुरूकुल के ऋषिकुमारों ने मास्क लगाकर और फिजिकल डिसटेंसिंग का पालन करते हुये महात्मा गांधी जी को श्रद्धांजलि अर्पित कर दो मिनट का मौन रखा। परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती और जीवा की अन्तर्राष्ट्रीय महासचिव डाॅ साध्वी भगवती सरस्वती ने ’गांधी, मण्डेला फाउंडेशन’ द्वारा आयोजित ’ग्लोबल प्रेयर’ आनलाइन वेबिनाॅर में सहभाग कर पूज्य बापू की 73 वीं पुण्यतिथि पर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धाजंलि अर्पित की। स्वामी चिदानन्द सरस्वती ने कहा कि मैने पिछले 40 वर्षों में विश्व के कई देशों की यात्रा की और इस दौरान देखा कि अफ्रीका में नेल्सन मंडेला जी के विचारों में, अमरीका में मार्टिन लूथर किंग के सिद्धान्तों में एवं अन्य देशों में भी गांधी जी की विचारधाराओं को मानने और उस पर चलने वाले अनेक लोग है तथा भारत में तो उनका प्रभाव अद्भुत है। स्वामी जी ने कहा कि 20 वीं सदी में भारत में एक ऐसा देवदूत आया जिसका शरीर तो दुबला पतला था पर अटल विश्वास और अटूट निष्ठा के बल पर उन्होंने विलक्षण परिवर्तन कर दिखाया। गांधी ने न वार किया न प्रहार किया परन्तु सत्य और अहिंसा रूपी हथियारों से पूरे विश्व में अद्भुत और अलौकिक परिवर्तन कर दिखा कि आजादघ्ी पाने के लिये केवल परमाणु पावर नहीं बल्कि इनर पावर जरूरी है। गांधी जी ने बताया कि भौतिक विकास के साथ-साथ नैतिक विकास बहुत जरूरी है। गांधी जी ने आत्मनिर्भर गांव और आत्मनिर्भर भारत की बात की, सर्वोदय, अन्त्योदय की बात की और उसे आज प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सबका साथ-सबका विकास एवं आत्मनिर्भर भारत के रूप में साकार कर रहे हैं। स्वामी ने कहा कि गांधी जी जैसे महापुरूष कभी मरते नहीं है। ‘‘क्या मार सकेगी मौत उसे औरों के लिये जो जीता है, मिलता है जहां का प्यार उसे और के जो आसूं पीता है’’ गांधी जी कहते थे महान कोई कपड़ों से नहीं बल्कि अपने किरदार से होता है। हम बड़ा बने ठीक है लेकिन बढ़िया बने ये जरूरी है। अच्छे किरदार, अच्छे संस्कार और अच्छे विचार वाले लोग सदा हमारे दिलों में भी, लफ्जों में भी और दुआओं में भी साथ रहते है। भले ही हम आज पूज्य बापू की पुण्यतिथि मना रहें हैं पर याद रहे-जो अपने लिये जीते हैं, उनका मरण होता है पर जो सबके लिये और पूरे समाज के लिये जीते हैं, उनका स्मरण होता है।

एचडीएफसी लाइफ ने नया फ्लैगशिप टर्म प्रॉडक्ट क्लिक 2 प्रोटेक्ट लाइफ लॉन्च किया

देहरादून। भारत के प्रमुख जीवन बीमाकर्ताओं में से एक, एचडीएफसी लाइफ, ने अपना नया फ्लैगशिप टर्म प्रॉडक्ट क्लिक 2 प्रोटेक्ट लाइफ लॉन्च किया है। यह नॉन-लिंक्ड, नॉन-पार्टिसिपेटिंग, इंडिविजुअल टर्म प्लान किसी व्यक्ति के जीवन के विभिन्न चरणों की बदलती जरूरतों को पूरा करने के लिए तैयार किया गया है। चल रही वैश्विक महामारी ने एक प्रॉडक्ट केटेगरी के रूप में जीवन बीमा के प्रति व्यक्तियों के दृष्टिकोण में बदलाव लाया है। टर्म इंश्योरेंस हर वित्तीय योजना का एक महत्वपूर्ण घटक बन गया है। एचडीएफसी लाइफ के क्लिक 2 प्रोटेक्ट लाइफ में तीन मुख्य ऑप्शन हैंः 1. जीवन और गंभीर बीमारी ऑटो-बैलेंसः एक स्मार्ट कवर जो बढ़ती उम्र के साथ होने वाली गंभीर बीमारी और मृत्यु से ऑटो बैलेंस लाइफ सुरक्षा और सीआई कवर प्रदान करता है। इस ऑप्शन में, प्रत्येक पॉलिसी एनिवर्सरी पर गंभीर बीमारी कवर आनुपातिक रूप से बढ़ जाता है, जबकि जीवन कवर कम हो जाता है। इसके अलावा, सूचीबद्ध 36 सीआई स्थितियों में से किसी के होने पर, न केवल एश्योर्ड बढ़ी हुई सीआई राशि का भुगतान किया जाता है, बल्कि भविष्य के सभी प्रीमियमों को भी माफ कर दिया जाता है और लाइफ कवर जारी रहता है। 2. जीवन रक्षा ऑप्शनः यह ऑप्शन पॉलिसी अवधि के दौरान मृत्यु होने पर कवरेज प्रदान करके एश्योर्ड लाइफ के परिवार को वित्तीय सुरक्षा प्रदान करता है। एश्योर्ड लाइफ की मृत्यु की स्थिति में नामित व्यक्ति को एक मुश्त राशि प्रदान की जाती है। यह कवर निश्चित अवधि के लिए या पूरे जीवन के लिए लिया जा सकता है। 3. इन्कम प्लस ऑप्शनः यह ऑप्शन 60 वर्ष की आयु से नियमित रूप से मासिक आय प्रदान करता है, जबकि आश्रितों की वित्तीय सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पॉलिसी अवधि के दौरान मृत्यु पर कवर प्रदान करता है। एश्योर्ड लाइफ को पूरी पॉलिसी अवधि के लिए कवर किया जाता है और उसे 60 वर्ष की आयु से मासिक आय मिलना शुरू हो जाती है, और मृत्यु होने तक या पॉलिसी की परिपक्वता तक, जो भी पहले हो, जारी रहती है।

टिहरी बांध विस्थापितों ने सिंचाई मंत्री सतपाल महाराज का आभार व्यक्त किया

-पुनर्वास संबंधित समस्याओं का 2 माह में होगा समाधानः महाराज देहरादून
। टिहरी बांध परियोजना से प्रभावित 415 विस्थापित परिवारों की पुनर्वास संबंधी वर्षों पुरानी समस्याओं का सिंचाई मंत्री सतपाल महाराज द्वारा राजकुमार सिंह, ऊर्जा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) भारत सरकार से समानधान करवाए जाने पर आज टिहरी बांध विस्थापितों का एक प्रतिनिधिमंडल टिहरी बांध प्रभावित पुनर्वास जन संयुक्त समिति के उपाध्यक्ष विजय सिंह बिष्ट के नेतृत्व में सिंचाई मंत्री सतपाल महाराज से उनके सुभाष रोड़ स्थित सरकारी आवास पर मिला और इसके लिए उनका आभार व्यक्त किया। टिहरी बांध प्रभावित 415 विस्थापितों परिवारों की पुनर्वास संबंधित समस्याओं का 2 माह में समाधान किए जाने से उत्साहित विस्थापितों का एक प्रतिनिधिमंडल आज टिहरी बांध प्रभावित पुनर्वास जन संयुक्त समिति के उपाध्यक्ष विजय सिंह बिष्ट विजय बिष्ट के नेतृत्व में सिंचाई मंत्री सतपाल महाराज के सरकारी आवास 17, सुभाष रोड़ पर मिला और वर्षों से लंबित मांगों के समाधान के लिए उनका आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सतपाल महाराज के प्रयासों के परिणाम स्वरुप ही यह कार्य संभव हो पाया है। अवसर पर सिंचाई मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि हाल ही में नई दिल्ली स्थित श्रम शक्ति भवन में ऊर्जा मंत्री राजकुमार सिंह, के साथ हुई बैठक में टिहरी सांसद माला राज्य लक्ष्मी शाह, टिहरी विधायक धन सिंह नेगी, घनसाली विधायक शक्तिलाल शाह, प्रताप नगर विधायक विजय पाल सिंह पंवार की मौजूदगी में विस्थापितों की वर्षों पुरानी लंबित मांगों का निराकरण 2 माह की तय सीमा के अन्तर्गत किया जायेगा। श्री महाराज ने बताया कि भूमि की वैल्यूएशन के लिए ऊर्जा सचिव भारत सरकार और सिंचाई सचिव उत्तराखंड सरकार मिलकर समाधान निकालेंगे। टीएचडीसी मुख्यालयके स्थानांतरण को लेकर काफी समय से जो भ्रम की स्थिति बनी हुई थी उस संबंध में भी सिंचाई मंत्री ने बताया कि टीएचडीसी का मुख्यालय ऋषिकेश से कहीं भी अन्यत्र स्थानांतरित नहीं होगा।टीएचडीसी के अधिकारियों और कर्मचारियों के ट्रांसफर और प्रमोशन के लिए पॉलिसी बनाई जाएगी। इसके साथ ही टिहरी बांध विस्थापितों के लिए निःशुल्क सीवर और पानी की व्यवस्था के साथ साथ आधे दाम पर बिजली देने के लिए जल्दी ही एक कमेटी का गठन भी किया जायेगा। उन्होने बताया कि टिहरी बांध प्रभावित प्रताप नगर क्षेत्र के लिए 7 वोट एवं 2 बसों को संचालित किये जाने के साथ साथ टीएचडीसी के पास उपलब्ध 21 हेक्टेयर भूमि को भी वह वापस करेगा। टीएचडीसी द्वारा न्यायालय में दायर सभी वादों को वापस लेने पर भी निर्णय बैठक में निर्णय लिया गया। सिंचाई मंत्री ने बताया कि घनसाली महाविद्यालय के भवन निर्माण के लिए सीएसआर फंड से धनराशि दिये जाने के साथ ही समय पर सभी समस्याओं के समाधान न्यायालय की परिधि से बाहर किये पर भी सहमति बनी है। टिहरी बांध प्रभावित पुनर्वास जन संयुक्त समिति के उपाध्यक्ष विजय सिंह बिष्ट ने कहा कि इतिहास में पहली बार ऐसा हुआ है कि किसी राज्य के सिंचाई मंत्री के नेतृत्व में विस्थापितों की सभी समस्याओं का समाधान संभव हो पाया है। उन्होंने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि सिंचाई मंत्री सतपाल महाराज के प्रयासों से ही टिहरी बांध विस्थापितों की सभी समस्याओं का समाधान अब न्यायालय की परिधि के बाहर किया जाएगा। बांध विस्थापित 415 परिवारों की समस्याओं का समाधान होने से उत्साहित सिंचाई मंत्री सतपाल महाराज के सुभाष रोड स्थित आवास पर उनका आभार व्यक्त करने पहुंचे लोगों में टिहरी बांध प्रभावित पुनर्वास जन संयुक्त समिति के उपाध्यक्ष विजय सिंह बिष्ट, विस्थापित विकास समिति के अध्यक्ष सूरत सिंह राणा, सचिव प्रताप सिंह राणा, संरक्षक दौलत सिंह गुसाईं, सचिव बलबीर सिंह रावत, कृपाल सिंह चैहान, रविंद्र सिंह पडियार, दीपक रावत, अनिल राणा, संदीप बुटोला, अंकित चैहान, अभिषेक चैहान, वीर सिंह पंवार, बीएस कलूड़ा, राजेंद्र सिंह बिष्ट एवं जीत सिंह राणा आदि शामिल थे।

गुडविल सोसायटी ऑफ इंडिया हरिद्वार चैप्टर के चुनाव संपन्न

देहरादून। इंटरनेशनल गुडविल सोसायटी ऑफ इंडिया एक सांस्कृतिक एकेडमिक नॉन पॉलिटिकल संस्था है जिसके राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉक्टर गोविंद नारायण पूर्व मुख्य सचिव उत्तर प्रदेश सरकार एवं जनरल सेक्रेटरी डॉ आर के के भटनागर आईएएस हैं। इंटरनेशनल गुडविल सोसायटी ऑफ इंडिया हरिद्वार चैप्टर का चुनाव सर्वसम्मति हरिद्वार कार्यालय पर प्रांतीय उपाध्यक्ष जगदीश लाल पाहवा के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। डॉ महावीर अग्रवाल, उपकुलपति, पतंजलि विश्वविद्यालय, हरिद्वार का निर्वाचन अध्यक्ष पद के लिए हुआ। उपाध्यक्ष पद पर इंजीनियर मधुसूदन आर्य, सचिव पद पर आर्य प्रवीण वैदिक, कोषाध्यक्ष पद के लिए डॉक्टर सुनील बत्रा एवं संयुक्त सचिव के पद पर प्रभात आर्य का निर्वाचन सर्वसम्मति से हुआद्य सचिव इंजीनियर मधुसूदन आर्य ने बताया कि नई कार्यकारिणी का गठन अतिशीघ्र होगा। इसमें लॉयन एस आर गुप्ता, राजीव राय, जितेंद्र कुमार शर्मा, सुरेश चंद गुप्ता, मनीषा दीक्षित, डॉ पंकज कौशिक, असिस्टेंट रजिस्ट्रार, गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय, हरिद्वार, इंजीनियर शोभित अग्रवाल, विमल गर्ग, रिटायर्ड चीफ मैनेजर एसबीआई, आर के गर्ग, रिटायर्ड सीनियर मैनेजर एसबीआई एग्जीक्यूटिव मेंबर आदि पर निर्वाचन किया गया।

सीएम ने किया सिख कॉर्डिनेशन कमेटी के कैलेंडर का विमोचन

देहरादून
। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने मुख्यमंत्री आवास स्थित जनता दर्शन हॉल में उत्तराखण्ड सिख कॉर्डिनेशन कमेटी उत्तराखण्ड के 2021 के कलेण्डर का विमोचन किया। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने कहा कि सिख कॉर्डिनेशन कमेटी द्वारा कलेण्डर के माध्यम से उत्तराखण्ड के गुरूद्वारों एवं ऐतिहासिकता को लेकर अच्छा चित्रण किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सिख समुदाय की समाज में हमेशा सक्रिय भूमिका रहती है। राज्य सरकार द्वारा अल्पसंख्यकों के कल्याण के लिए हर संभव प्रयास किये जा रहे हैं। सभी वर्गों को योजनाओं का लाभ मिले इसके लिए प्रयास किये गये हैं। सबके हितों को ध्यान में रखकर कार्य किये जा रहे हैं। इस अवसर पर सिख कार्डिनेशन कमेटी के अध्यक्ष सरदार गुरदीप सिंह, गुरप्रीत सिंह, मनु कोचर, मनवीर सिंह, परमजीत सिंह, सोनू लूथरा, मनदीप सिंह, मेजर सिंह आदि उपस्थित थे।

कैबिनेट मंत्री सतपाल महाराज ने किया ‘पंच केदार स्तुति’ भजन सीडी का विमोचन

देहरादून
। संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने आज भगवान शिव को समर्पित पंच केदार की महत्ता पर आधारित हरीश तिवारी द्वारा लिखित एवं गाये गये भजन पंच केदार स्तुति नामक सीडी का विमोचन किया। भगवान शिव को समर्पित पंच केदार के महत्व एवं जन कल्याण हेतु भगवान शिव द्वारा लिए गए विभिन्न अवतार एवं स्वरूप के दर्शनों को भजनों के माध्यम से स्वरबद्ध करने वाले गोपेश्वर निवासी हरीश तिवारी के भजनों पर आधारित सीडी पंच केदार स्तुति का आज यहां अपने सरकारी आवास सुभाष रोड पर संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने एक समारोह के दौरान विमोचन किया। इस अवसर पर बोलते हुए संस्कृति मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि हरीश तिवारी ने शिव भजनों की बहुत ही सुंदर ढंग से प्रस्तुति की है। पंच केदार पर संभवत यह पहला भजन है जिस में पांचों केदार में भगवान शिव के विभिन्न रूपों का वर्णन श्री तिवारी ने भजनों के माध्यम से किया है। इस अवसर पर भजन गायक एवं लेखक हरीश तिवारी ने बताया कि भजनों को ईशान डोभाल ने संगीतबद्ध किया है। इन भजनों को यूट्यूब चैनल पर भी देखा जा सकता है।

विधायक विनोद चमोली ने पटेलनगर औद्योगिक क्षेत्र का भ्रमण कर सुनीं जनसमस्याएं

-कहा-सीवर ड्रेनेज व मार्गों के निर्माण को धनराशि स्वीकृत की जा चुकी देहरादून
। धर्मपुर विधायक विनोद चमोली ने सार्वजनिक निर्माण विभाग अधिकारियों के साथ पटेलनगर औद्योगिक क्षेत्र का भ्रमण कर वहां की समस्याओं सुना एवं विकास कार्यों की जानकारी ली। भ्रमण के पश्चात व्यवसायियों को आश्वस्त करते हुए विधायक ने कहा कि उपरोक्त क्षेत्र में सीवर ड्रेनेज तथा मार्गों के निर्माण हेतु धनराशि स्वीकृत की जा चुकी है और चल रही टेंडर प्रक्रिया पूर्ण होने के पश्चात कार्य आरंभ होना है। व्यापारियों द्वारा पटेल नगर क्षेत्र से गुजर रहे नाले को कवर करने की मांग को अस्वीकार करते हुए चमोली ने कहा कि वह व्यक्तिगत रूप से नहर तथा नालों को ढकने के पक्षधर नहीं है। इससे जलभराव की समस्या बढ़ती है। उन्होंने नाले के क्षतिग्रस्त पुस्ते के पुनर्निर्माण तथा सफाई व्यवस्था हेतु मौके से ही अधिकारियों को निर्देश दिए। भ्रमण के पश्चात स्थानीय व्यवसायियों ने विधायक विनोद चमोली एवं स्थानीय पार्षद आलोक कुमार को पुष्पगुच्छ देकर व शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया भ्रमण के दौरान भाजपा महानगर मीडिया प्रभारी राजीव उनियाल, धर्मपुर नगर मंडल अध्यक्ष संदीप मुखर्जी, पूर्व पार्षद सुशील गुप्ता, व्यवसायी कुलवंत सिंह ,अजय गुजराल, राकेश मल्होत्रा, सुरेंद्र अरोड़ा, आदेश गुप्ता, कुलभूषण अग्रवाल, संजीव गुप्ता, सुशील नागरथ, सार्वजनिक निर्माण विभाग के असिस्टेंट इंजीनियर मुकेश कुमार, जूनियर इंजीनियर मुकेश रतूड़ी भाजपा कार्यकर्ता गोपालपुरी, सोनू सरदार, शुभम तिवारी उपस्थित रहे।

प्रोफेसर डी.डी. चैनियाल भारतीय भू-आकृतिक वैज्ञानिक संस्थान के अध्यक्ष मनोनीत

देहरादून
। दून विश्वविद्यालय देहरादून के नित्यानन्द हिमालय शोध एवं अध्ययन केन्द्र में भूगोल विभाग के विजिंटिंग प्रोफेसर डा0 डी0डी0 चैनियाल भारतीय भू-आकृतिक वैज्ञानिक संस्थान के सर्वसम्मति अध्यक्ष से मनोनीत किये गये है। इससे पूर्व प्रो0 चैनियाल इस संस्था के पांच बार उपाध्यक्ष मनोनीन होते रहे है। यह दून विश्वविद्यालय के लिये गौरव की बात है। आई0जी0आई0 का 32वाॅ राष्ट्रीय सम्मेलन दिनांक 21.01.2021 से 23.01.2021 तक पश्चिम बंगाल राज्य विश्वविद्यालय के भूगोल विभाग में सम्पन्न हुआ। इस संस्था के महासचिव इलाहाबाद विश्वविद्यालय के प्रो0ए0आर0 सिद्धीकी मनोनीत हुये है। प्रो0 चैनियाल का इस पद पर चुना जाना दूनविवि ही नहीं गढ़वाल विश्वविद्यालय के लिये भी बहुत गौरव एवं सम्मान की बात है क्योंकि इन्होनं 35 वर्ष गढ़वाल विश्वविद्यालय के भूगोल विभाग में शोध एवं अघ्यापन कार्य किया है। उत्तराखण्ड हिमालय में इस पद पर सुशोभित होने का एक मात्र सम्मान पहली बार प्रो0 चैनियाल जी को है ंजो आई0जी0आई0 संस्था के वर्ष 1987 जो आई0जी0आई0 संस्था के वर्ष 1987 से जीवन पर्यन्त सदस्य रहे है तथा राष्ट्रीय एवं अन्तर्राष्ट्रीय भूआकृतिक सम्मेलनों में भाग लेते आये है। एच0एन0बी0 गढ़वाल विश्वविद्यालय में 35 वर्ष प्रोफेसर के पद पर कार्य करते हुये इन्होने 25 शोधार्थियों को भूआकृतिक विषय पर शोध कार्य सम्पन्ना किये हैं। आज उनके द्वारा पढ़ाये गये छात्र उत्तराखण्ड के विभिन्न महाविद्यालयों तथा विश्वविद्यालयों में कार्यरत है। डा0 चैनियाल अन्तर्राष्ट्रीय भूआकृतिक सम्मेलनों में भी अपने शोध पत्र पढ़ चुके हैं। अब उनका प्रमुख उद्देश्य दून विश्वविद्यालय में डा0 नित्यानन्द हिमालयन शोध संस्थान को स्थापित करना तथा उसके अन्तर्गत हिमालय के विभिन्न पहलूओं पर शोध, प्रकाशन एवं अध्ययन करना तथा नये पाठ्यक्रम स्थापित करना है। प्रथम अवस्था में जी0आई0एस0 एवं मानचित्र कला पर एक डिप्लोम स्थापित करने का है। प्रो0 चैनियाल दून विश्वविद्यालय के भूगोल विभाग के स्वरूप को सम्र्पूण उत्तरी भारत में श्रेष्ठ बनाने के लिये कृत संकल्प है।

पर्यटकों एवं भ्रमणकर्ताओं के लिए 1 फरवरी से खुलेगा एफआरआई

देहरादून, गढ़ संवेदना न्यूज। वन अनुसंधान संस्थान (एफआरआई) देहरादून पर्यटकों एवं भ्रमणकर्ताओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र स्थल रहा है। यह संस्थान वानिकी शिक्षा एवं शोध का एक उत्कृष्ट केंद्र है। साथ ही यहां का मुख्यभवन एवं परिसर वर्षभर लाखों पर्यटकों एवं भ्रमणकर्ताओं को यहां भ्रमण करने के लिए आर्कषित करता है। राज्य एवं केंद्र सरकार के दिशा निर्देशानुसार संस्थान को 01 फरवरी से पुनः खोला जा रहा है। वर्तमान में कोविड-19 को ध्यान में रखते हुए प्रतिदिन 150 पर्यटक तथा 100 व्यक्ति प्रातःभ्रमण करने वालों को एफआरआई कैंपस में अनुमति दी जा रही है। भविष्य में स्थिति को देखते हुए संख्या बढ़ाई जा सकती है। पर्यटकों हेतु कैंपस प्रातः 9 बजे से सायं 5 बजे तक तथा प्रातःभ्रमण हेतु सुबह 6 से 8 बजे तक खुला रहेगा। केवल आॅनलाइन पंजीकृत पर्यटक एवं भ्रमणकर्ता ही कैंपस में प्रवेश कर सकेंगे। सभी पर्यटक एवं प्रातः भ्रमणकर्ता अपना पंजीकरण संस्थान की वेबसाइट र आॅनलाइन कर सकते हैं तथा प्रिंटआउट दिखाकर गेट पर पर्यटन शुल्क जमा कर सकते हैं। इससे संबंधित समस्त जानकारी वेबसाइट पर उपलब्ध है।

नाफरमान कुलसचिव के खिलाफ फीस वृद्धि मामले में कार्रवाई करने से क्यों घबराई सरकारः मोर्चा

-शासन ने कई पत्र लिखे कुलसचिव आयुर्वेद विश्वविद्यालय को, लेकिन एक साल बाद भी कोई कार्रवाई नहीं विकासनगर। जन संघर्ष मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी ने कहा कहा कि सरकार द्वारा अक्टूबर 2015 के द्वारा निजी आयुष महाविद्यालयों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं की फीस वृद्धि की थी, जिसके तहत फीस को 80 हजार से बढ़ाकर 2.15 लाख तथा 73,600 से बढ़ाकर 1.10 लाख कर दिया था, जिसको उच्च न्यायालय द्वारा जुलाई 2018 को अपास्त कर दिया गया था तथा मा.उच्च न्यायालय की खंडपीठ द्वारा अक्टूबर 2018 में सरकार द्वारा योजित विशेष अपील में पूर्ववर्ती आदेश को बरकरार रखा। नेगी ने कहा कि मा. उच्च न्यायालय के निर्देश का अनुपालन कराए जाने को लेकर शासन द्वारा 22/03/19, 23/04/19, 22/11ध/19, 20/12/19, 16/01/20 तथा 30/01/20 के द्वारा कुलसचिव, उत्तराखंड आयुर्वेद विश्वविद्यालय को पत्र प्रेषित कर अनुपालन सुनिश्चित कराए जाने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन एक वर्ष से अधिक समय बीतने के उपरांत भी कुलसचिव द्वारा शासन के पत्रों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई ययहां तक की शासन को कोई आख्या तक उपलब्ध नहीं कराएगी गई। पत्रकारों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि उक्त नाफरमान कुलसचिव की वजह से अध्ययनरत गरीब छात्रों को बहुत बड़े संकट से गुजरना पड़ा। नेगी ने हैरानी जताई कि एक वर्ष तक शासन के पत्रों का जवाब एवं कार्रवाई न करने के मामले में सरकार खामोश बैठी रही यानी उक्त नाफरमान कुलसचिव के खिलाफ सरकार द्वारा कोई कार्यवाही नहीं की गई। नेगी ने कहा कि जब प्रदेश में मा. न्यायालयध् शासन के आदेशों पर ही कार्यवाही नहीं हो पा रही है तो सरकार का क्या औचित्य रह जाता है। पत्रकार वार्ता में ओ.पी. राणा व अमित जैन भी उपस्थित रहे।

Friday, 29 January 2021

गौशाला में लगी आग, 4 मवेशियों की जलकर मौत

उत्तरकाशी। नौगांव विकासखंड में स्यालब गांव में बीती देर रात एक गौशाला में अचानक आग लग गई। सूचना मिलने पर गौशाला स्वामी और ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बड़ी मशकक्त के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक गौशाला में बंधे चार बेजुबान मवेशियों की झुलसने से मौत हो गई थी। वहीं, सूचना मिलने पर राजस्व उपनिरीक्षक मौके पर पहुंचे। उन्होंने आग लगने से हुए नुकसान का आकलन किया। जानकारी अनुसार गुरुवार देर रात नौगांव विकासखंड में स्यालब गांव में नेत्र सिंह की गौशाला में आग लग गई। आग लगने की सूचना पर नेत्र सिंह अन्य ग्रामीणों के साथ मौके पर पहुंचे, लेकिन आग इतनी तेजी से फैली थी कि जब तक ग्रामीण मौके पर पहुंचे, तब तक गौशाला में बंधे 2 भैंस और 2 बेलों की झुलसने से मौत हो गई थी। ग्रामीणों ने किसी प्रकार आग पर काबू पाया। वहीं, अभी तक आग लगने के कारणों का पता नहीं लग पाया है।

कांग्रेस ने सीएम का किया विरोध, गो बैक के लगाए नारे

पौड़ी। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत पौड़ी के दो दिवसीय दौरे पर रहे। सीएम दौरे के दूसरे दिन सर्किट हाउस से ऑडिटोरियम में पार्टी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के साथ बैठक लेने जा रहे थे। इस दौरान कांग्रेस के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने सीएम का विरोध किया और नारेबाजी की। कांग्रेस की ओर से बताया गया कि प्रदेश में महंगाई चरम सीमा पर है। युवा बेरोजगार घूम रहे हैं। प्रदेश सरकार उन्हें रोजगार देने में नाकामयाब साबित हो रही है। इसके चलते उन्होंने भाजपा सरकार के विरोध में जमकर नारेबाजी करते हुए गो बैक के नारे लगाए। पौड़ी के एजेंसी चैक में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उत्तराखंड सरकार का विरोध करते हुए मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत के विरोध में नारे लगाए। कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ कार्यकर्ता नवल किशोर ने बताया कि वर्तमान में भाजपा सरकार में बेरोजगारी और महंगाई चरम सीमा पर है। वहीं विधायक मुकेश कोली पर उनकी ही पार्टी के पूर्व जिलाध्यक्ष ने 25 प्रतिशत कमीशन लेकर भ्रष्टाचार को और बढ़ावा देने का आरोप लगाया है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार शुरुआती समय से ही जीरो टॉलरेंस के नाम पर मात्र जनता से छलावा कर रही है। जबकि उनके ही विधायक 25 प्रतिशत कमीशन लेकर स्वयं को ईमानदार बता रहे हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इन चीजों को बर्दाश्त नहीं करेगी। जिसके चलते उन्होंने आज प्रदेश के मुख्यमंत्री के विरोध में नारे लगाते हुए उनका विरोध किया है। -----------------------------------------------

कैलाश मानसरोवर यात्रा पर कोरोना के कारण असमंजस

नैनीताल। हर साल कैलाश मानसरोवर यात्रा 12 जून से शुरू होती थी। पिछले साल कोरोना के कारण यात्रा नहीं हो सकी थी। इस बार भी इस यात्रा पर असमंजस है। हर साल दिल्ली से 12 जून को शुरू होने वाली इस यात्रा में 15 जून को यात्रियों का पहला दल दिल्ली से यात्रा के पहले पड़ाव में उत्तराखंड के काठगोदाम पहुंचा था। काठगोदाम पहुंचने के बाद इन यात्रियों का कुमाऊंनी रीति-रिवाज और परंपराओं के अनुसार स्वागत किया जाता था। अगले दिन यात्रा अपने अगले पड़ाव अल्मोड़ा के लिए रवाना होती थी। अल्मोड़ा से पिथौरागढ़, धारचूला, नजंग, बूंदी, कालापानी, गूंजी, लिपुलेख समेत विभिन्न पड़ावों को पूरा करते हुए पैदल यात्रा मार्ग से चाइना में प्रवेश कर जाती थी। कैलाश मानसरोवर की यात्रा में करीब 18 दिन लगते थे। हर दल में करीब 60 भक्त बाबा के दर्शन करने के लिए जाते थे। लेकिन इस बार भी कोरोना संक्रमण के चलते इस यात्रा पर संकट के बादल मंडरा रहे हैं। कुमाऊं मंडल विकास निगम के जीएम अशोक कुमार जोशी बताते हैं कि यात्रा को लेकर हर साल करीब 2000 के आसपास यात्री अपना पंजीकरण कराते थे। करीब 1080 यात्रियों का चयन मेडिकल परीक्षण के बाद कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए किया जाता था। इससे कुमाऊं मंडल विकास निगम को 56 लाख से अधिक की आमदनी होती थी। अगर इस बार भी कैलाश मानसरोवर यात्रा नहीं होगी तो कुमाऊं मंडल विकास निगम को लाखों के राजस्व घाटा उठाना पड़ेगा। वहीं कुमाऊं मंडल विकास निगम के जीएम का कहना है कि कैलाश मानसरोवर यात्रा के लिए विदेश मंत्रालय, आईटीबीपी, उत्तराखंड सरकार सहित कुमाऊं मंडल विकास निगम और तमाम विभागीय अधिकारियों की बैठक होती थी। लेकिन अब तक इस बैठक का भी आयोजन नहीं किया गया है। इससे कयास लगाए जा रहे हैं कि इस बार भी कैलाश मानसरोवर यात्रा आयोजित नहीं होगी।

रुद्रपुर में एसटीएफ को बड़ी सफलता, अवैध तमंचों के साथ एक गिरफ्तार

रुद्रपुर। उत्तराखंड स्पेशल टास्क फोर्स और काशीपुर पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। टीम ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए 5 अवैध तमंचों के साथ एक युवक को गिरफ्तार किया है। आरोपी के खिलाफ आम्र्स एक्ट में मुकदमा दर्ज कर पूछताछ की जा रही है। पकड़े गए अवैध तमंचों की कीमत बाजार में एक लाख रुपए बताई जा रही है। आरोपी पूर्व में भी उत्तर प्रदेश से अवैध हथियारों की खेप लाकर जनपद के कई शहरों में सप्लाई कर चुका है। टीम को सूचना मिली थी कि उत्तरप्रदेश से हथियारों की खेप उधमसिंह नगर के काशीपुर क्षेत्र में लाई जा रही है। सूचना पर एसटीएफ की कुमाऊं यूनिट और काशीपुर पुलिस की टीम संयुक्त रूप से छापेमारी में जुट गई। इस दौरान गुरुद्वारे रोड ढेला पुल के पास दबिश देते हुए पुलिस ने हथियार तस्कर हारून अहमद को 5 तमंचों के साथ गिरफ्तार किया गया। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह पहले भी कई बार अवैध हथियारों की सप्लाई उत्तर प्रदेश से जनपद उधमसिंह नगर एवं उत्तराखंड के अन्य जनपदों में कर चुका है। इन तमंचों को वह उधम सिंह नगर के काशीपुर क्षेत्र में सप्लाई करने लाया था, तभी पुलिस के हत्थे चढ़ गया। एसटीएफ कुमाऊं इंचार्ज एमपी सिंह ने बताया कि सूचना मिली थी कि काशीपुर में हथियारों की खेप आने वाली है। जिसके बाद टीम ने थाने पुलिस की मदद से क्षेत्र में एक युवक को 5 तमंचों के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी से पुलिस टीम पूछताछ कर रही है।

घरेलू विवाद में पति ने पत्नी को मारी गोली, फिर कर ली आत्महत्या

हरिद्वार। लक्सर कोतवाली के प्रह्लादपुर गांव में एक युवक ने पहले अपनी पत्नी को गोली मारी। इसके बाद गोली मारकर आत्महत्या कर ली है। पूरा मामला घरेलू कलह से जोड़कर देखा जा रहा है। प्रह्लादपुर गांव में रहने वाले 25 वर्षीय युवक मोनू पुत्र सुरेश का अपनी पत्नी से किसी बात को लेकर विवाद चल रहा था। इसी विवाद के चलते बीती देर रात को मोनू की अपनी पत्नी से किसी बात को लेकर बहस हो गयी। देखते ही देखते मोनू ने तमंचे से पहले अपनी पत्नी को गोली मारी। फिर खेत में जाकर गोली मारकर आत्महत्या कर ली। पत्नी को गंभीर हालत में हायर सेंटर रेफर किया गया है। खानपुर पुलिस मौके पर पहुंची है। मोनू के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। वहीं आत्महत्या में प्रयुक्त तमंचा भी पुलिस ने बरामद कर लिया है। लक्सर सीओ विवेक कुमार ने बताया कि मोनू ने गाली गलौज करते हुए पहले अपनी पत्नी को गोली मारी। फिर गोली मारकर आत्महत्या। उसकी पत्नी उमा गंभीर रूप से घायल है। उसे हरिद्वार इलाज के लिए भेजा गया है। उमा के भाई ने पुलिस को तहरीर दी है। तहरीर के आधार पर मुकदमा कर लिया गया है।

उत्तराखण्ड में डबल इंजन को बजट में मोदी सरकार से उम्मीद

-विपक्षी दलों के साथ ही राज्य सरकार ने भी केंद्र को तमाम प्रस्ताव भेजे देहरादून। त्रिवेंद्र सरकार का बजट सत्र जल्द घोषित होने जा रहा है। उधर केंद्र सरकार के बजट पर भी राज्य की निगाहें बनी हुई हैं। कोविड-19 के इस दौर में राज्य को केंद्र के बजट से इस बार कुछ ज्यादा ही उम्मीद है। विपक्षी दलों के साथ ही राज्य सरकार ने भी केंद्र को तमाम प्रस्ताव भेजे हैं। उत्तराखंड को बजट से इस बार क्यों हैं ज्यादा उम्मीदें और किन सेक्टर्स में राज्य को बजट की है सबसे ज्यादा जरूरत है। कोरोना संक्रमण के चलते देश के साथ-साथ उत्तराखंड में भी विभिन्न सेक्टर इससे खासा प्रभावित हुए हैं। इन हालातों में राज्य को आर्थिक रूप से केंद्रीय मदद की दरकार है। इस बीच केंद्रीय बजट आने से पहले राज्य सरकार प्रदेश की विभिन्न चुनौतियों और आर्थिक समस्याओं को प्रस्ताव के रूप में केंद्र को भेज चुकी है। राज्य सरकार ने आम लोगों से प्रदेश के बजट सत्र को लेकर सुझाव मांगे हैं। इसके लिए तैयारियां भी की जा रही हैं। दूसरी तरफ अधिकारियों ने केंद्रीय योजनाओं में बजट का ज्यादा प्रावधान, मुख्यमंत्री की प्राथमिकताओं और राज्य की जरूरतों के लिहाज से जरूरी विकास कार्यों को लेकर केंद्र को प्रस्ताव भेजा है। वित्त सचिव अमित नेगी के अनुसार मुख्यमंत्री की प्राथमिकताओं को विशेष रूप से फोकस किया गया है। साथ ही कोविड-19 की चुनौतियों को देखते हुए भी केंद्रीय योजनाओं को लेकर केंद्र के लिए प्रस्ताव तैयार किए गए हैं। उधर राज्य सरकार अपने बजट के लिए लोगों से सुझाव लेकर उन पर भी विचार कर रही है। जबकि वित्त विभागों से उनकी जरूरतों के लिहाज से जरूरी बजट पर भी मंथन कर रहा है। उत्तराखंड में कोविड-19 एक बड़ी चुनौती के रूप में तो है ही, साथ ही प्रदेश में होने जा रहे महाकुंभ के आयोजन को लेकर भी राज्य को बजट की दरकार है। यही नहीं पर्यटन सेक्टर के उखड़ते पांव फिर एक बार स्थापित करने के लिए भी राज्य को एक बड़ा बजट चाहिए। प्रदेश में लौटे प्रवासी युवाओं को रोजगार की राह में प्रशस्त करने के लिए भी राज्य को अतिरिक्त बजट की जरूरत है। वहीं, विधानसभा चुनाव नजदीक है। लिहाजा, बड़ी योजनाओं को जरूरी रूप से पूरा करने के लिए अधिक बजट चाहिए। रेल सेक्टर में एक कदम आगे बढ़ाने के लिए रेल सेवाओं के विकास और पहाड़ों पर इसकी पहुंच के लिए भी केंद्र की तरफ राज्य निगाह बनाए हुए है।

कांग्रेस पार्टी किसानों के साथः प्रीतम सिंह

देहरादून। उत्तरखण्ड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने किसान आन्दोलन का विरोध कर रहे लोगों पर कडा हमला बोलते हुए कहा कि लगभग 62 दिनों से लोकतांत्रिक एवं शान्तिप्रिय ढंग से आन्दोलनरत किसानों के ऊपर आज जिस तरह की अनर्गल एवं अभद्र टिप्पणियां की जा रही हैं तथा इस आन्दोलन को बदनाम करने की जो साजिसें हो रही हैं उसकी कांग्रेस पार्टी कडे शब्दों में निन्दा करती है। प्रीतम ने कहा कि देश का अन्नदाता अपनी मात्र एक मांग को लेकर केन्द्र सरकार से लगातार आग्रह कर रहा है कि जो तीन काले कानून उसके ऊपर जबरन थोपे जा रहे हैं उसे केन्द्र सरकार वापस ले। लेकिन लगभग 12 बार की वार्ता के बावजूद किसी नतीजे पर नहीं पहुंचा जा सका है, उसका कारण यह था कि केन्द्र सरकार की मंशा ही इन कानूनों को वापस लेने की नहीं थी। ऐसा प्रतीत होता है जैसे केन्द्र सरकार चंद पूंजीपतियों के हाथों की कठपुतली बनी हुई है तथा उनके ही इशारों पर अपनी हठधर्मिता पर अडी हुई है। प्रीतम ने सरकार पर यह भी आरोप लगाया कि वैश्विक महामारी कोरोना काल के दौरान मोहम्मद साद पर आरोप लगाने के बावजूद सरकार उसकी धरपकड करने में नाकाम रही। आज बालाकोट स्ट्राईक की वह्राटस एप चैट पूरे देश के सामने है तथा यह बात उजागर हो चुकी है कि एक तथा कथित चैनल के मालिक को इस स्ट्राईक की गोपनीय सूचनायें पहले से ही थी इस पर सरकार का कोई भी नुमाइंदा अपनी जुवान खोलने को राजी नहीं है। प्रीतम ने 26 जनवरी के घटनाक्रम को अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि आज देश का जवान और देश का किसान ही आपस में लडाये जा रहे हैं। किसान आन्दोलन की बिजली, पानी की सप्लाई काटने का काम केन्द्र की भाजपा सरकार ने किया। किसान को थका दिया जाय और भगा दिया जाय इस नीति पर केन्द्र सरकार लगातार काम कर रही है, लेकिन सोनिया गांधी एवं राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस पार्टी ने यह निर्णय लिया है कि वह देश के अन्नदाताओं की मांग का पुरजोर समर्थन करती है और उनके आन्दोलन को भी अपना पूर्ण समर्थन देती है। कांग्रेस अध्यक्ष प्रीतम ने केन्द्र सरकार पर उस विवादास्पद व्यक्ति पर भी कोई कार्रवाई न करने का आरोप लगाया जिसकी फोटो न सिर्फ भाजपा के एक सांसद बल्कि गृहमंत्री से लेकर प्रधानमंत्री के साथ सोशल मीडिया पर वायरल हो रही है। जब इस बात की पुष्टि हो गई है कि यही वह व्यक्ति है जिसने लाल किले की गरिमा को तारतार करने का काम किया तो आखिर इस व्यक्ति पर किसके संरक्षण के तहत कार्रवाई नहीं हो रही है जबकि बाकी लोगों पर देशद्रोह जैसे मुकदमे लगा दिये गये हैं? ऐसा प्रतीत होता है कि किसान आन्दोलन को बदनाम करने की नीयत से कुछ लोगों को घुसपैठ की छूट दी जा रही है। प्रीतम ने 26 जनवरी को गाजीपुर बार्डर पर किसान भाईयों के साथ बल प्रयोग तथा आज सिंघु बार्डर पर किसानों से झडप के बाद लाठीचार्ज व आंसूगैस का प्रयोग करने की कडे शब्दों में निन्दा करते हुए कहा कि जो अन्नदाता पूरे देश का पालनहार है उसके साथ इतनी क्रूरता से बल प्रयोग करने की क्या आवश्यकता थी और जब केन्द्र सरकार को इस बात का आभास था कि 26 जनवरी की ट्रैक्टर रैली में असामाजिक तत्वों की भी घुसपैठ रहेगी तो ऐसे में समय रहते कोई कार्रवाई गृह मंत्रालय की ओर से क्यों नहीं की गई। आज जिस तरह से इस आन्दोलन को बदनाम करने की और इस आन्दोलन को लेकर तरह-तरह की कोशिश की जा रही है उसमें केन्द्र की भाजपा सरकार कतई सफल नहीं होगी।

केंद्र सरकार की हठधर्मिता से किसानों में आक्रोशः जोशी

देहरादून। चिन्हित राज्य आंदोलनकारी संयुक्त समिति के केंद्रीय प्रवक्ता व कांग्रेस नेता महेश जोशी ने 26 जनवरी को लाल किले पर झंडा फहराए जाने की निन्दा की। उन्होंने कहा कि ये ऐतिहासिक धरोहर है और हमारे आजादी की प्रतीक है और ये संवैधानिक व्यवस्था भी है कि लाल किले की प्राचीर से राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाएगा। जो हमारी उन्नति समृद्धि व खुशहाली का प्रतीक है। जिस तरह से 26 जनवरी के दिन किसानों की ट्रैक्टर रैली के दौरान कुछ असमाजिक तत्वों ने किसानों के आंदोलन को बदनाम करने का जो कृत्य किया उसमें संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कर दोषियों के खिलाफ कार्यवाही होनी चाहिए। ये राष्ट्र की अस्मिता का सवाल है। इसकी निष्पक्ष जांच कर कार्यवाही होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार हठधर्मिता से चंद पूंजीपतियों धनाढ्य वर्ग को फायदा पहुंचाने को ये कानून लाई है जिससे किसान अपने को ठगा महसूस कर रही है इस लिए पिछले दो महीने से कड़कड़ाती सर्दी में आंदोलनरत है। कांग्रेस किसानों के साथ खड़ी है। अब ये किसान आंदोलन न होकर जन आंदोलन बन गया है जिससे देश का हर वर्ग प्रभावित हो रहा है। केंद्र सरकार को हठधर्मिता छोड़ कर किसानों के हित में इस काले कानून को वापस लेना चाहिए जिससे किसान अपने आप को व अपनी खेती को सुरक्षित महसूस कर सकें।

दस माह बाद खुली भारत-नेपाल सीमा

-कोरोना के चलते सील की किया गया था बाॅर्डर देहरादून। कोरोना के कारण करीब दस माह से बंद भारत-नेपाल सीमा को नेपाल सरकार ने शुक्रवार से खोल दिया है। नेपाल सरकार ने अपनी सीमाएं खोल दी हैं। अब सभी 26 सीमाओं से भारतीय नागरिक नेपाल आ-जा सकेंगे। लेकिन तीसरे देश के नागरिकों के प्रवेश पर प्रतिबंध जारी रहेगा। कोरोना संक्रमण की वजह से नेपाल सरकार ने सीमाओं पर पाबंदी लगाई थी। नेपाल मंत्री परिषद के फैसले की जानकारी देते हुए वहां के गृह मंत्रालय ने बताया है कि भारत से लगी सीमा के सभी रास्तों को दोनों देशों के बीच पूर्व की भांति आवाजाही के लिए खोल दिया गया है। लेकिन कोरोना से बचाव के नियमों का पालन करते हुए आवाजाही की अनुमति होगी। वहीं भारत के रास्ते तीसरे देश के नागरिकों के लिए अभी भी नेपाल में प्रवेश प्रतिबंधित रखा गया है। हालांकि अभी नेपाल की ओर से भारत प्रशासन के पास नेपाल सरकार के इस फैसले की अधिकारिक जानकारी नहीं पहुंची है। कोरोना की वैश्विक माहामारी के बाद नेपाल सरकार ने गत वर्ष 23 मार्च से भारतीय सीमा से लगे सभी रास्तों को बंद कर सीमा सील कर दी थी। जिसके बाद से दोनों देशों के बीच पिछले दस माह से आवागमन पूर्णरूप से बंद रहा।

सीएम ने किया सेल्फी प्वांइट का लोकार्पण, पौधारोपण भी किया

पौड़ी/देहरादून। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने आज अपने जनपद भ्रमण कार्यक्रम के तहत गढ़वाल कमिश्नर कैम्प कार्यालय पौड़ी के समीप सेल्फी प्वांइट का लोकार्पण तथा पौड़ी-टेका मोटर मार्ग पर चैरी ब्लॉजम पौधारोपण किया। इस मौके पर उच्च शिक्षा मंत्री डा0 धन सिह रावत, विधायक पौड़ी मुकेश सिह कोली, विधायक लैंसडोन दिलीप रावत, जिला पंचायत अध्यक्ष शांति देवी, नगर पालिकाध्यक्ष यश्पाल बेनाम, बहुउद्देशीय सहकारिता समिति अध्यक्ष संपत सिह रावत, गढ़वाल आयुक्त रविनाथ रमन, जिलाधिकारी धीराज सिह गर्ब्याल सहित अन्य गणमान्य ने प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री श्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि ल्वाली घाटी क्षेत्र में बेहतर प्रजाति के बांस रोपण करें, ताकि स्थानीय लोगों को रोजगार के अवसर प्राप्त हो सकें। मीडिया से रूबरू होते हुए उन्होने कहा कि पौड़ी जनपद ने बेहतर विकास कार्य किये जा रहे हैं। जिला योजना के अन्तर्गत आवंटित धनराशि का सदुपयोग हो रहा है। बीस सूत्री कार्यक्रम के अन्तर्गत जनपद पौड़ी पहले स्थान पर है। कहा कि बांस को लेकर कार्य योजना तैयार की गयी है, जिसके तहत हाईब्रिड बांस जो 165 फीट तक की ऊंचाई ले सकता है। किसान तैयार हो तो बांस की इस प्रजाति को नदी से लेकर ऊंचाई वाले स्थानों में भी उगाया जा सकता है। कहा कि पहले यह जंगली प्रजाति के रूप में जानी जाती थी, लेकिन अब भारत सरकार ने बांस को फसल का दर्जा दे दिया है। उन्होंने कहा कि किसान इसको फसल की तरह काटकर बाजार में बिक्री कर सकते हैं। कहा कि देश में जितनी बांस आधारित फैक्ट्रियां, वह लगभग समाप्त हो गई थी। कहा कि किसान इस क्षेत्र में काम करते हैं तो इससे बहुत से रोजगार के अवसर उत्पन्न होंगे। उन्होंने जिलाधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसान अगर इसमें इच्छुक होते हैं तो इसको भी बढ़ावा दें। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की जो भी जन-कल्याणकारी योजनाएं हैं, उनको गांव- गांव तक पहुंचायें ताकि लोग योजनाओं का फायदा उठाकर लाभान्वित हो सके। सूबे के उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि हमारी सरकार द्वारा हर ब्लॉक में एक महाविद्यालय खोला जायेगा। साथ ही प्रत्येक ब्लॉक के मुख्यालय को डबल लेन सड़क से जोड़ा जायेगा, जिससे ब्लाकों का समुचित विकास होगा। कहा कि बासा-1 बनने के बाद स्थानीय महिलाएं स्वरोजगार से जुड़ी हैं। बासा-1 बनाने के उद्देश्य में हम सफल हुए हैं। कहा कि बासा-2 भी एक माह में बनकर तैयार हो जायेगा। कहा कि मुख्यमंत्री जी द्वारा जिला विकास प्राधिकरण को स्थगित कर दिया है, जो कि सराहनीय फैसला है।

एचआईवी एड्स की रोकथाम एवं नियंत्रण पर कार्यशाला आयोजित

देहरादून। उत्तराखण्ड राज्य एड्स नियत्रण समिति, देहरादून द्वारा उद्योग निदेशालय, पटेलनगर, देहरादून में एच0आई0वी0/एड्स की रोकथाम एवं नियंत्रण हेतु उद्योग निदेशालय के सभागार में एक दिवसीय जागरूकता कार्यशाला का आयोजन किया गया। जिसमें निदेशालय के अधिकारियों एवं उद्योग संघ के प्रतिनिधियों द्वारा प्रतिभाग किया गया। कार्यशाला की अध्यक्षता एस.सी. नौटियाल, निदेशक, उद्योग विभाग, उत्तराखण्ड, द्वारा की गयी। डाॅ सरोज नैथानी, निदेशक, स्वास्थ्य एवं अपर परियोजना निदेशक, उत्तराखण्ड राज्य एड्स नियंत्रण समिति देहरादून द्वारा राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण कार्यक्रम के अन्तर्गत नियोक्त संचालित माॅडल एवं अन्य स्वास्थ्य सम्बन्धित विशयों पर व्याख्यान प्रस्तुत किया गया। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक उद्योगों को उक्त कार्यक्रम से जोड़ना तथा नियोक्ताओं द्वारा उद्योंगों में कार्यरत कर्मियों के मध्य एच.आई.वी. के प्रति जागरूकता बढ़ाना एवं एच.आई.वी. के साथ जीवन यापन कर रहे व्यक्तियों के प्रति भेदभाव को कम करना है। हरेन्द्र गर्ग, अध्यक्ष, सिडकुल एसोसियेशन, हरिद्वार द्वारा अधिक से अधिक उद्योगों को उक्त कार्यक्रम में सम्मलित करने का आष्वासन दिया। एस. सी. नौटियाल, निदेशक, उद्योग द्वारा प्रदेश की समस्त उद्योग एसोसियेषनों को नियोक्त संचालित माॅडल में जोड़ने हेतु समुचित सहयोग एवं स्वैच्छिक रक्तदान की महत्वता पर जोर देते हुए समस्त एसोसियेषनों के प्रतिनिधियों से अनुरोध किया गया कि वह रक्तदान को भी बढ़ावा दे। उक्त कार्यशाला में डाॅ. एम.एस. सजवान, उप निदेशक, उद्योग, शैली डबराल, उपनिदेशक, गोरव लाम्बा, सी.आई.आई., संजय बिष्ट, गगनदीप, दीपक तिवारी एवं कुमुद बिष्ट, अमित गौसाई उत्तराखण्ड राज्य एड्स नियंत्रण समिति एवं प्रदेश के विभिन्न उद्योग एसोसियेशन के प्रतिनिधियों ने प्रतिभाग किया गया।

महात्मा गांधीजी केवल एक व्यक्ति नहीं बल्कि जीवन का पूरा महाग्रंथः स्वामी चिदानन्द सरस्वती

ऋषिकेश। परमार्थ निकेतन के अध्यक्ष स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने गांधी जी की पुण्यतिथि के पूर्व संध्या पर युवाओं का आह्वान करते हुये कहा कि आईये महात्मा गांधीजी की 73 पुण्यतिथि पर उनके दो हथियारों ’’सत्य और अहिंसा’’ को अपने जीवन का ध्येय बनायें और भारत को अस्पृश्यता और साम्प्रदायिकता से मुक्त राष्ट्र बनाने में अपना योगदान प्रदान करें। स्वामी चिदानन्द सरस्वती जी ने कहा कि 73 वर्ष पूर्व महात्मा गांधी जी इस दुनिया से अलविदा हुये परन्तु उनके द्वारा स्थापित किये गये मूल्य, विचारधारा और सिद्धान्त हर युग के लिये प्रासंगिक है तथा सदियों तक जनमानस व नीति निर्माताओं का मार्गदर्शन करते रहेंगे। स्वामी जी ने कहा कि गांधी जी जीवनपर्यंत प्रयास करते रहे कि लोगों के लिये स्थानीय स्तर पर आजीविका का सृजन किया जाये, गांवों और शहरों के बीच जो विकास संबंधी अन्तर है वह समाप्त हो तथा छोटे और बड़े, हर समुदाय और हर व्यक्ति को विकास के समान अवसर प्राप्त हो, गांधीजी का यही सिद्धान्त देश में सतत विकास को बढ़ाता है। उनका चिंतन और विचारधारायें वर्तमान के साथ-साथ उज्जवल भविष्य की नींव मजबूत करने वाली हैं। उन्होंने जो आत्मनिर्भर गांव और आत्मनिर्भर भारत का स्वपन देखा था आज उसे हम प्रधानमंत्री माननीय मोदी जी के नेतृत्व में साकार होते देख रहें हैं। गांधी जी का मानना था कि हमारे गांवों में वह समर्थ है कि वे हमारे शहरों की हर मौलिक जरूरतों को पूरा कर सकते है इसलिये हमें बाहर की वस्तुओं पर निर्भर नहीं रहना चाहिये। उनका मानना था कि भारत केवल आत्मनिर्भर होकर ही स्वतंत्र हो सकता इसलिये गांवों में और युवाओं में नई ऊर्जा जागृत करने की जरूरत है। स्वामी ने युवाओं का आह्वान करते हुये कहा कि अपने कर्तव्यों के प्रति जिम्मेदार और जवाबदेह बनकर सजगता और सादगी से समाज के प्रति समर्पित जीवन जियें। भौतिक सुखों के पीछे न भागे और आत्मिक सुखों की अनदेखी न करे। भौतिक विकास के साथ नैतिक विकास भी बहुत जरूरी है। जब किसी राष्ट्र में भौतिक विकास के साथ नैतिक विकास होता है तभी वह देश अपना सर्वांगीण विकास कर सकता है। स्वामी जी ने कहा कि अहिंसा और सत्य के पुजारी महात्मा गांधी जी ने सत्य, अहिंसा और सादगी को ही अपने जीवन का मूल मंत्र बनाया तथा उन्होंने अपना पूरा जीवन सत्य की खोज में समर्पित कर दिया ऐसे महान देशभक्त की भारत की आजादी के एक वर्ष के भीतर ही 30 जनवरी, 1948 को प्रार्थना सभा के दौरान गोली मारकर हत्या कर दी गयी थी।

पीएनबी ने अपने संस्थापक जनक लाला लाजपत राय की 156वीं जयंती मनाई

-बैंक कर्मचारियों ने भारत में उनकी विरासत को कायम रखने और बैंकिंग के रूपांतरण का संकल्प लिया -यूपी सरकार द्वारा प्रतिष्ठित रानी लक्ष्मी बाई पुरस्कार से नवाजे जाने पर पैरा शूटर आकांक्षा चैधरी को सम्मानित किया गया देहरादून। देश के सार्वजनिक क्षेत्र के प्रमुख अग्रणी बैंक, पंजाब नैशनल बैंक (पीएनबी) ने अपने संस्थापक जनक स्व० लाला लाजपत राय की 156वीं जयंती नई दिल्ली में अपने मुख्यालय में मनाई। सीएच.एस.एस.मल्लिकार्जुन राव, एमडी एवं सीईओ ने, ईडी, सीवीओ, वरिष्ठ अधिकारियों और स्टाफ सदस्यों के साथ माला पहनाकर लाला लाजपत राय को श्रद्धांजलि दी। एमडी एवं सीईओ ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री, श्री योगी आदित्यनाथ से 24.01.21 को प्रतिष्ठित रानी लक्ष्मी बाई पुरस्कार प्राप्त करने के लिए आकांक्षा चैधरी, स्टाफ सदस्य और एक प्रसिद्ध पैरा शूटर को भी सम्मानित किया। यह पुरस्कार राज्य के प्रसिद्ध खिलाड़ियों को सम्मानित करने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार की एक विशेष योजना है। लालाजी को प्यार से ’शेर ए पंजाब’ या ष्पंजाब केसरीष् के रूप में याद किया जाता है, जो अपने शुरुआती वर्षों में बैंक के प्रबंधन से सक्रिय रूप से जुड़े थे। उनके नेतृत्व में, पीएनबी पूरी तरह से भारतीय पूँजी पर परिचालन शुरू करने वाला पहला श्स्वदेशीश् बैंक बन गया - जो आज तक एक प्रभावशाली साख है। संस्थापक बोर्ड पूरे भारत से तैयार किया गया था, जिसमें देश के आर्थिक हित को आगे बढ़ाने के लिए वास्तव में राष्ट्रीय बैंक की स्थापना के सामान्य उद्देश्य के साथ विभिन्न विचारधाराओं का समावेश था। पीएनबी का जन्म 19 मई, 1894 को हुआ था। बैंक ने लाहौर में 12 अप्रैल 1895 को परिचालन शुरू किया और लाला लाजपत राय बैंक में खाता खोलने वाले पहले व्यक्ति थे। भारत में अनिवार्य होने से बहुत पहले, बैंक ने हमेशा की तरह अग्रणी रहते हुए 1895 में लेखापरीक्षक नियुक्त करके स्वयं को प्रतिष्ठित किया था। इसने 1944 में टेलर प्रणाली भी शुरू की। 2008-09 के दौरान, बैंक ने सभी शाखाओं ध् विस्तार काउंटरों को कोर बैंकिंग समाधान (सीबीएस) में लाने वाला सबसे बड़ा राष्ट्रीयकृत बैंक बनने का लक्ष्य प्राप्त किया। आज, पीएनबी तत्कालीन ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स और तत्कालीन यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया के साथ समामेलन के बाद अग्रणी बैंक बन गया है। बैंक ने रिकॉर्ड समय में सभी शाखाओं के आईटी एकीकरण को सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। बैंक की 10,900 से अधिक शाखाओं, 1 लाख कर्मचारियों और 18 करोड़ से अधिक ग्राहकों के साथ अखिल भारतीय उपस्थिति है।

वेलमेड हॉस्पिटल में टीकाकरण के लिए कोरोना योद्धाओं में दिखा जोश

- हॉस्पिटल के सीएमडी डॉ. चेतन शर्मा को लगी पहली वैक्सीन - तीन दिन तक जारी रहेगा टीकाकरण अभियान देहरादून। वेलमेड हॉस्पिटल के कोरोना योद्धाओं में कोविड़ वैक्सीन को लेकर जोश दिखा। सबसे पहले हॉस्पिटल के सीएमडी व वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. चेतन शर्मा व सीईओ डॉ. ईशान शर्मा ने वैक्सीन लगाकर बाकी स्टॉफ को भी वैक्सीन लगवाने के लिए प्रोत्साहित किया। पहले दिन के टीकाकरण में डॉक्टर, नर्सिंग, जीडीए और अन्य स्टॉफ शामिल रहें, अभी तीन दिन तक यह टीकाकरण जारी रहेगा। इस मौके पर डॉ. चेतन शर्मा ने कहा कि मुझे बहुत खुशी है कि सरकार ने सबसे पहले टीकाकरण के लिए मेडिकल स्टॉफ को चुना क्योंकि इन योद्धाओं ने पिछले कई महीनों से अपनी जान की परवाह किए बिना निस्वार्थ भाव से मरीजों की सेवा की है, उन्होंने कहा कि कोरोना को हराने के लिए वेलमेड हॉस्पिटल व स्टॉफ पूरी तरह से तैयार है और लगभग सभी स्टॉफ खुशी-खुशी टीकाकरण अभियान में अपनी भागीदारी दे रहा है, साथ ही हम उम्मीद करते हैं कि जल्द ही वैक्सीन आम लोगों के लिए भी उपलब्ध हो ताकि हम जल्द से जल्द कोरोना को पूरी तरह से खत्म कर सकें। डॉ. अजहर जावेद, सौरभ शर्मा, सचिन पांडेय, गुरूप्रीत, सुदेश महतो, अमित बेरी, सोनम रावत व वैशाली सती ने टीकाकरण की प्रक्रिया को संचालित किया

कोटा के फेमस एलन करियर इंस्टीट्यूट का सेंटर अब देहरादून में भी, 15 फरवरी से शुरू होंगी कोचिंग क्लासेस

देहरादून,जीएसएनएन। भारत में मेडिकल इंजीनियरिंग और ओलंपियाड में एडमिशन की कोचिंग के लिए फेमस कोटा के एलन (ALLEN) करियर इंस्टीट्यूट ने देहरादून में अपना सेंटर खोला है। कोचिंग के 32 वर्षों का एक्सपीरियंस रखने वाले कोटा के एलन करियर इंस्टिट्यूट के अनुभव और बेस्ट फैकल्टी का लाभ अब उत्तराखंड के स्टूडेंट्स को देहरादून में ही मिल सकेगा। "केयर फर्स्ट" का ध्यान रखते हुए कोविड-19 से जुड़ी सावधानियां और इंतजामों के साथ 15 फरवरी से एलन करियर इंस्टिट्यूट के देहरादून सेंटर पर जेईई(JEE), नीट(NEET), ओलंपियाड और बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी के लिए बैच शुरू किए जाएंगे। एलन के वाइस प्रेसिडेंट जीवन ज्योति, चंडीगढ़ सेंटर हेड सदानंद वाणी, सब्जेक्ट प्रिंसिपल बायोलॉजी गौरव माहेश्वरी और देहरादून सेंटर हेड गिरीश गौड़ ने फ्राइडे को दून के होटल पेसिफिक में भारतीय परंपरा अनुसार पूजन और रिबन काटकर एलन करियर इंस्टिट्यूट का शुभारंभ किया। एलन के वाइस प्रेसिडेंट जीवन ज्योति और चंडीगढ़ सेंटर हेड सदानंद वाणी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि उत्तराखंड के स्टूडेंट्स जेईई, नीट, ओलम्पियाड, केवीपीवाय और एनटीएसई सहित अन्य परीक्षाओं में लगातार बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं। कई परीक्षाओं में यहां के स्टूडेंट्स ने टाॅप किया है। ऐसे में यहां के स्टूडेंट्स को बेहतर गाइडेंस की जरूरत है। इन सभी बातों को देखते हुए एलन कॅरियर इंस्टीट्यूट द्वारा देहरादून में भी शुरुआत करने का निर्णय लिया गया। एलन द्वारा आईआईटी-जेईई और मेडिकल एंट्रेंस एग्जाम नीट के साथ यहां ओलम्पियाड और बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी भी करवाई जाएगी। देहरादून में सचिवालय के सामने 59, राजपुर रोड में स्टडी सेंटर होगा, जहां कक्षाएं संचालित की जाएंगी। जबकि बल्लीवाला फ्लाईओवर के नजदीक जीएमएस रोड पर संगम विहार के क्यूबिक प्लाजा में 8/1-1 में एडमिशन आफिस होगा। एलन देहरादून में 15 फरवरी से कक्षाएं प्रारंभ होंगी। एलन के वाइस प्रेसिडेंट जीवन ज्योति ने बताया कि देहरादून में एलन कॅरियर इंस्टीट्यूट की शुरुआत "केयर फर्स्ट" की तर्ज पर होगी। लाॅकडाउन के दौरान कोटा से जिस जिम्मेदारी के साथ एलन स्टूडेंट्स वेलफेयर सोसायटी द्वारा 50 हजार स्टूडेंट्स को स्वस्थ, सकुशल व सुरक्षित घर पहुंचाया गया और वर्तमान में जिस तरह से कोविड गाइड लाइन की पालना कर क्लासेज संचालित की जा रही है। देहरादून सेंटर हेड गिरीश गौड़ ने बताया कि एलन स्टूडेंट्स वेलफेयर सोसायटी की टीम द्वारा देहरादून में भी कोविड गाइड लाइन की पालना सुनिश्चित की जाएगी स्टूडेंट्स की केयर को प्राथमिकता दी जाएगी। एलन स्टूडेंट्स वेलफेयर सोसायटी के निर्देशन में ही स्टूडेंट्स के लिए हाॅस्टल और ट्रांसपोर्ट की सुविधाओं की माॅनिटरिंग की जाएगी, इनकी उपलब्धता कोविड गाइड लाइन के अनुसार सुनिश्चित की जाएगी। सब्जेक्ट प्रिंसिपल बाॅयोलोजी गौरव माहेश्वरी ने कहा कि उत्तराखंड में साइंस पढ़ने वाले स्टूडेंट्स की संख्या अधिक है और डाॅक्टर व इंजीनियर के रूप में कॅरियर बनाने की इच्छा रखने वाले स्टूडेंट्स साल-दर-साल बढ़ रहे हैं, ऐसे में इन स्टूडेंट्स को गुणवत्तापूर्ण शिक्षण भी चाहिए। एलन कॅरियरइंस्टीट्यूट कोटा कोचिंग के 32 वर्षों के अनुभव के साथ देहरादून के स्टूडेंट्स के सपनों को सच करने यह पहल करने जा रहा है। रहे।

Thursday, 28 January 2021

अभिनेता योगेश परिहार पहुंचे मसूरी

मसूरी। सोनी चैनल के सीरियल क्राइम पेट्रोल में पुलिस इंस्पेक्टर की भूमिका निभाने वाले व थियेटर एक्टर अवॉर्ड से सम्मानित योगेश परिहार इन दिनों मसूरी की खूबसूरत वादियों का लुत्फ उठा रहे हैं। योगेश परिहार ने कहा कि यहां के खूबसूरत प्राकृतिक सौंदर्य और वातावरण से महसूस किया जा सकता है कि मसूरी जन्नत से कम नहीं है। उन्होंने कहा कि काम में से अगर उनको कुछ समय मिलता है तो वह ऐसी जगह आना पसंद करते हैं। उनकी इच्छा है कि वह जल्द मसूरी में अपने कुछ प्रोजेक्ट लेकर आएं. उत्तराखंड सरकार फिल्म उद्योग को बढ़ावा देने के लिए लगातार काम कर रही हैं। फिल्म शूटिंग के लिए दी जाने वाली अनुमति भी बड़े आराम से मिल जाती है। उन्होंने यह भी कहा कि क्राइम पेट्रोल में दिखाई जाने वाली सभी कहानियां सच्ची घटनाओं पर आधारित होती हैं। बस नाम और जगह को बदल दिया जाता है। इस दौरान उन्होंने अपने अन्य प्रोजेक्टस पर भी बात की। उन्होंने बताया कि क्राइम पेट्रोल के अलावा वह जीटीवी के सीरियल कलेक्टर साहब, शॉर्ट फिल्म श्मशान, सोनी के सीरियल मन में विश्वास है, स्टार भारत के सीरियल सावधान इंडिया आदि में अभिनय कर चुके हैं। वह जल्द श्रीराम राघवन की फिल्म इक्कीस में नजर आएंगे। फिल्म की शूटिंग राजस्थान के कई क्षेत्रों में शुरू होनी है।

तिरंगे के अपमान के विरोध में पूर्व सैनिकों ने निकाली रैली

कोटद्वार। गणतंत्र दिवस के दिन दिल्ली के लाल किले पर किसानों के द्वारा हुए हिंसक प्रदर्शन और तिरंगे के अपमान के विरोध में पूर्व सैनिक, अर्धसैनिक और सामाजिक संगठन रैली निकाल कर तहसील परिसर पहुंचे। वहीं, पूर्व सैनिकों ने तहसीलदार के माध्यम से प्रधानमंत्री को ज्ञापन भेजा है। ज्ञापन में तिरंगे का अपमान करने वाले लोगों के खिलाफ उचित कार्रवाई करने की मांग की है। गणतंत्र दिवस के अवसर पर दिल्ली के लाल किले के भीतर किसान आंदोलन के नाम पर असामाजिक तत्वों ने उग्र आंदोलन किया था। उग्र आंदोलन के खिलाफ देश की सड़कों पर लोगों का गुस्सा दिखने लगा है. इसी के विरोध में लाल किले पर हुए तिरंगे के अपमान के खिलाफ भूतपूर्व सैनिकों ने एक रैली निकाली.उनका कहना है कि गणतंत्र दिवस, भारत के लोकतंत्र का महापर्व है। उस दिन भारत की प्रभुसत्ता की निशानी लाल किले पर तिरंगे का अपमान हुआ, जो कि बहुत शर्मसार कर देने वाला वाकया है। भूतपूर्व सैनिकों का कहना है कि जिन लोगों ने ये कृत्य किया है। उन सभी के खिलाफ देशद्रोह की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई होनी। चाहिए.पूर्व सैनिक प्रकाश रावत का कहना है कि जिस तिरंगे की आन-बान और शान के लिए हमारे सैनिक अपनी जान की बाजी लगाते हुए अपने प्राण निछावर कर देते हैं, 26 जनवरी के दिन उसी तिरंगे का दिल्ली के लाल किले के भीतर अपमान हुआ है। दिल्ली में बैठकर जिसने इस घिनौने कृत्य को अंजाम दिया है।उसके खिलाफ पूर्व सैनिकों ने रैली निकाली है। वहीं, उन्होंने मांग की है कि जिन असामाजिक तत्वों ने तिरंगे का अपमान किया है। उनके खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई होनी चाहिए।

चिकित्सा क्षेत्र में उल्लेखनीय सेवाओं के लिए डा. वीकेएस संजय को मिला पद्मश्री सम्मान

देहरादून। देहरादून के प्रसिद्ध आर्थोपेडिक सर्जन डॉ. भूपेंद्र कुमार सिंह संजय को चिकित्सा क्षेत्र में उल्लेखनीय सेवाओं के लिए पद्मश्री प्रदान किया गया है। डा. भूपेंद्र कुमार सिंह संजय को कई देशों से फेलोशिप भी मिली है। सर्जरी के क्षेत्र में उपलब्धियों के लिए उनका नाम लिम्का बुक और गिनीज बुक में भी शामिल किया गया है। वे पिछले कई वर्षों से राजपुर रोड स्थित जाखन में संजय ऑर्थोपेडिक एंड स्पाइन सेंटर का संचालन कर रहे हैं। 31 अगस्त 1956 को जन्मे डा. संजय ने वर्ष 1980 में जीएसबीएम मेडिकल कॉलेज कानपुर से एमबीबीएस किया। इसके बाद काफी समय तक उन्होंने पीजीआई चंडीगढ़ और सफदरजंग अस्पताल नई दिल्ली में सेवा दी। इस बीच उन्होंने जापान, अमेरिका, रूस, ऑस्ट्रेलिया, स्वीडन समेत कई देशों से फेलोशिप हासिल की और आगे बढ़ते रहे। दुनिया के कई प्रतिष्ठित रिसर्च जर्नल्स में उनके शोध लेख प्रकाशित हुए। उन्होंने दुनिया के कई देशों में गेस्ट फैकल्टी के तौर पर भी व्याख्यान दिए। डा. संजय ने चिकित्सा जगत के साथ ही समाज सेवा के क्षेत्र में भी अपनी विशिष्ठ पहचान बनाई है। पोलियो, मस्तिष्क पक्षाघात, बच्चों में लकवा और विकलांगता के खिलाफ वह लगातार काम कर रहे हैं। अपने 40 वर्ष के लंबे मेडिकल करियर में अपनी टीम के साथ उन्होंने पांच हजार से अधिक बच्चों को जीने की नई उम्मीद दी है। इसके अलावा सड़क दुर्घटना से होने वाली शारीरिक, मानसिक, आर्थिक व सामाजिक क्षति को लेकर भी वो लंबे समय से जागरूकता अभियान चला रहे हैं। कोरोना काल में भी जरूरतमंदों को बेहतर उपचार दिलाने के लिए उन्होंने काफी प्रयास किए। डा. संजय का नाम चिकित्सा जगत में बेहद सम्मान के साथ लिया जाता है। वह इंडियन ऑर्थोपेडिक एसोसिएशन की उत्तराखंड शाखा के संस्थापक अध्यक्ष रहे हैं। इसके अलावा वे कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संगठनों से भी जुड़े हैं। वे उत्तराखंड लोक सेवा आयोग में सलाहकार और एचएनबी बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय की एक्सपर्ट कमेटी के सदस्य भी रह चुके हैं। अभी वे एचएनबी चिकित्सा शिक्षा विश्वविद्यालय की कार्यकारी परिषद के सदस्य हैं। डा. संजय के नाम पर कई उपलब्धियां और पुरस्कार हैं। 2005 में हड्डी का सबसे बड़ा ट्यूमर निकालने का विश्व रिकॉर्ड उनके नाम दर्ज हुआ। इसके अलावा 2002, 2003, 2004 व 2009 में सर्जरी में कई अभिनव उपलब्धियों के लिए उन्हें लिम्का बुक में स्थान मिला। जिनमें 98 वर्षीय हाई रिस्क मरीज की सफल हिप रिप्लेसमेंट सर्जरी, 88 वर्षीय बुजुर्ग की स्पाइन सर्जरी आदि शामिल है। ।

एडवेंचर टूरिज्म के क्षेत्र में उत्तराखंड में अपार संभावनाएंः मुख्यमंत्री

-सीएम त्रिवेंद्र सिंह रावत ने श्रीनगर में राजकीय संयुक्त उप जिला चिकित्सालय का किया लोकार्पण पौड़ी/देहरादून। श्रीनगर में आज मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने राजकीय संयुक्त उप जिला चिकित्सालय का लोकार्पण किया। इस मौके पर उन्होंने गढ़वाल के प्रसिद्ध चित्रकार मोलाराम तोमर की मूर्ति का भी अनावरण किया। मुख्यमंत्री ने इस दौरान उप जिला चिकित्सालय में चिकित्सा सेवाओं का भी अवलोकन किया। जीआईएनएटीआई के मैदान में जन समूह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा की कोरोना जैसी महामारी में हमारे कोरोना योद्धाओं ने जिस हौसले और समर्पण से कार्य किया वह सराहनीय है। मुख्यमंत्री ने कहा कि गणतंत्र दिवस की परेड में उत्तराखंड की झांकी को तृतीय स्थान मिला है इसके लिए सभी को बहुत-बहुत बधाई। उन्होंने कहा कि इससे राष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखंड को पहचान मिली है। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने कोरोना के खिलाफ लड़ाई को बहुत मजबूती के साथ लड़ा है। आज हमारा देश दुनिया के 20 देशों को वैक्सीन की आपूर्ति कर रहा है यह हम सब के लिए गर्व की बात है। उन्होंने देश को आत्मनिर्भरता का जो मंत्र दिया है उसी सिद्धांत को आगे बढ़ाते हुए हमारे वैज्ञानिकों ने कोरोना वैक्सीन निर्माण की दिशा में भी सराहनीय कार्य किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व में कोरोना के खिलाफ लड़ाई के लिए हमारे पास संसाधनों की कमी थी लेकिन आज हम बहुत मजबूत स्थिति में हैं। कोरोना के खिलाफ हर किसी ने पूरे मनोयोग से सहयोग किया है। मुख्यमंत्री ने टिहरी जिले की भांति ही पौड़ी के सरकारी चिकित्सालय को भी पीपीपी मोड़ पर संचालित करने की बात कही। कहा कि पीपीपी मॉडल से टिहरी के लोगों को आज बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मिल रही हैं। जल्द पौड़ी को लेकर भी निर्णय किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान समय में एडवेंचर टूरिज्म की बड़ी मांग है और उत्तराखंड में इसकी अपार संभावनाएं हैं। इस को विकसित किया जाना चाहिए इसके लिए प्रदेश सरकार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि बुनियादी सुविधाओं से लेकर प्रदेश में कई महत्वपूर्ण कार्य हुए हैं। जल्द ही श्रीनगर तक रेल सेवा भी पहुंच जाएगी। इस मौके पर उन्होंने उच्च शिक्षा राज्य मंत्री डॉक्टर धन सिंह रावत की तारीफ करते हुए कहा कि उत्तराखंड के कॉलेजों में 97 परसेंट फैकल्टी है। यह हमारी उच्च शिक्षा की बहुत बेहतर स्थिति है। इस मौके पर उन्होंने स्वास्थ्य विभाग व अन्य सेवाओं से जुड़े कोरोना वारियर्स को भी सम्मानित भी किया। मुख्यमंत्री ने इस दौरान चित्रकार स्वर्गीय मोलाराम तोमर के परिजनों को भी सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि स्वर्गीय मोलाराम जी ने समाज सेवा की जो आयाम स्थापित किए हैं उनके आदर्शों पर चलने की आवश्यकता है। इस मौके पर उच्च शिक्षा मंत्री ड्रा धन सिंह रावत, बीजेपी जिलाध्यक्ष संपत सिंह रावत, राज्यमंत्री अतर सिंह असवाल, मातबर सिंह रावत, सहकारी बैंक के अध्यक्ष नरेंद्र सिंह रावत, आयुक्त गढ़वाल रविनाथ रमन, जिलाधिकारी धीराज सिंह गबर्याल आदि मौजूद रहे।

पल्स पोलियो प्रतिरक्षण अभियान की तैयारियों को लेकर डीएम ने ली टास्क फोर्स की बैठक

रूद्रपुर। जनपद में राष्ट्रीय पल्स पोलियो प्रतिरक्षण अभियान 31 जनवरी से 06 फरवरी तक आयोजित होने वाले कार्यक्रम की शत-प्रतिशत सफलता के लिये जनपद के प्रमुख चिकित्सा अधीक्षकों के साथ जिला टास्क फोर्स की वीडियों कान्फ्रेसिंग के माध्यम से जिलाधिकारी रंजना राजगुरू की अध्यक्षता में कैम्प कार्यालय में आयोजित की गई। उन्होने मुख्य चिकित्साधिकारी को निर्देश दिये कि कार्यक्रम के सफल संचालन हेतु ब्लाकवार ठोस कार्ययोजना बना ली जाये। उन्होने कहा कि पल्स पोलियो अभियान एक महत्वपूर्ण अभियान है प्रत्येक ब्लाकवार माॅनिट्रिंग करते हुये सतप्र्रतिशत करने का प्रयास करें। उन्होने सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश दिये कि ग्राम प्रधानो एवं आंगनबाडी व स्कूलो के माध्यम से राष्ट्रीय पल्स पोलियो प्रतिरक्षण अभियान को सफल बनाने के लिये प्रचार-प्रसार किया जाये। उन्होने कहा कि पल्स पोलियो अभियान के दौरान विद्युत व्यवस्था भी सुचारू रहे इसका विशेष ध्यान दिया जाये। उन्होने सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देश दिये कि आपस में समन्वय बनाकर कार्य करे ताकि पल्स पोलियो अभियान को सफल बनाया जा सकें। उन्होने कहा कि कोविड-19 संक्रमण को ध्यान में रखते हुये मास्क, सेनेटाईजर, सामाजिक दूरी का अनुपालन किया जाये। उन्होने सभी एएनएम को निर्देश को दिये कि बच्चों के टीकाकरण कार्ड सतप्रतिशत बनाना सुनिश्चित करें। उन्होने सभी सीएमएस को निर्देश दिये कि स्वास्थ्य से सम्बन्धित उपकरण चिकित्सालय में उपलब्ध है और उसे प्रयोग में नही लिया जा रहा है उसकी वस्तुस्थिति से अवगत कराये ताकि उन उपकरणों का अन्य चिकित्सालय में प्रयोग में लाया जा सकें। मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 डीएस पंचपाल ने बताया कि जनपद में 31 जनवरी को सभी बूथों पर व 01 फरवरी से 06 फरवरी तक घर-घर जाकर 0 से 05 वर्ष तक के बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई जायेगी। उन्होने बताया जनपद में 270057 बच्चों को दवा पिलाने का लक्ष्य रखा गया है। जिसके लिये जनपद मंे 1302 बूथ बनाये गये है साथ ही जनपद में 932 टीम गठित की गई है। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी हिमांशु खुराना, मुख्य चिकित्साधिकारी डा0 डी0एस0 पंचपाल, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी-डा0 हरेन्द्र मलिक, डा0 मनु खन्ना सहित वर्चुअल के माध्यम से जिला कार्यक्रम अधिकारी उदय प्रताप सिंह, मुख्य शिक्षा अधिकारी आरसी आर्या, जिला युवा कल्याण अधिकारी मोहन सिंह नगन्याल, डीपीआरओ विद्या सिंह सोमनाल आदि उपस्थित।

सेलाकुई चिकित्सालय की प्रबन्धन समिति की डीएम ने ली बैठक

देहरादून। राज्य मानसिक स्वास्थ्य संस्थान सेलाकुई चिकित्सालय की प्रबन्धन समिति की बैठक वीडियोकान्फ्रेसिंग के माध्यम से जिलाधिकारी डाॅ आशीष कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। इस दौरान जिलाधिकारी ने संस्थान के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को लम्बे समय से जिन मरीजों के घर परिवार, रिश्तेदार आदि का पता नहीं है, ऐसे मरीजों को स्थानान्तरण अपना घर आश्रम भरतपुर राजस्थान भेजे जाने हेतु शासन स्तर से आवश्यक पत्राचार कर अनुमति प्राप्त करें। उन्होंने संस्थान के लिए वेबसाइट बनाने हेतु सोसायटी बनाकर दान प्राप्त कर इस कार्य को संचालित किया जाए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार से दिशा-निर्देश प्राप्त करते हुए जन औषधि केन्द्र स्थापित किया जाए। बैठक में पीआरडी जवान, माली, ड्राईवर के वेतन के सम्बन्ध में निर्देशित किया कि इन पदों की स्थाई नियुक्ति हेतु उनके माध्यम से चिकित्सा निदेशालय को पत्राचार किया जाए। उन्होंने सीपीएस मद के अन्तर्गत आपातकालीन धनराशि खर्च के सम्बन्ध में मुख्य चिकित्साधिकारी से आवश्यक विचार-विमर्श करने को कहा। उन्होंने एनएचएम के तहत् मोबाईल फोन एवं सिम पर व्यय हेतु मुख्य चिकित्साधिकारी को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने बीपीएल रोगी सुरेन्द्र के शैय्या शुल्क वसूली हेतु सम्बन्धित के अभिभावक से पत्राचार किये जाने को कहा। उन्होंने शासनादेशानुसार भर्ती मरीजों के अभिभावकों से धन की वसूली कराए जाने की बात कही। इसके अतिरिक्त भोजन, सफाई, औषधि व्यवस्था हेतु इस वित्तीय वर्ष की कार्योत्तर स्वीकृति देते हुए कहा कि आगामी वित्तीय वर्ष हेतु निविदाएं आमंत्रित करने की कार्यवाही की जाए। उन्होंने वित्तीय वर्ष 2021-22 हेतु अनुमानित बजट के सम्बन्ध में सीएमएस को मुख्य चिकित्साधिकारी के माध्यम से मांगपत्र प्रस्तुत करने को कहा। बैठक में संस्थान की विभिन्न देनदारी का निस्तारण करने हेतु उनके माध्यम से सचिव चिकित्सा को पत्राचार किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने भर्ती मरीजों हेतु व्यवसायिक रोगोंपचार के अन्तर्गत लिफाफों का निर्माण एवं विक्रय आदि प्रक्रिया की स्वीकृति प्रदान की। उन्होंने संस्थान के निष्प्रोज्य सामग्री की नीलामी नियमानुसार किए जाने के निर्देश दिए। बैठक में जिलाधिकारी ने मुख्य चिकित्साधिकारी को संस्थान के लिए 58 शैय्याओं के सापेक्ष धनराशि आवंटन किए जाने की बात कही। इस दौरान वीडियोकान्फ्रेसिंग में मुख्य चिकित्साधिकारी डाॅ अनूप कुमार डिमरी, सचिव व मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डाॅ उपेन्द्र चन्द्र त्रिपाठी, डाॅ रेनू त्रिपाटी, कांउसलर सूर्य प्रताप रतूड़ी, डाॅ भागीरथी जनपांगी, डाॅ मोहन ध्यानी समेंत चिकित्सा प्रबन्धन समिति के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

यातायात ड्यूटी से नदारद मिले ट्रैफिक पुलिस के दो दरोगा समेत सात कर्मी निलंबित

देहरादून। देहरादून में यातायात ड्यूटी से नदारद मिले ट्रैफिक पुलिस के दो दरोगा समेत सात कर्मचारियों को यातायात निदेशक केवल खुराना ने तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। ये सभी शहर के महत्वपूर्ण क्षेत्रों में तैनात थे और वहां जाम की स्थिति बनी हुई थी। निदेशक ने इस मामले में यातायात एसपी से पांच दिनों के भीतर रिपोर्ट मांगी है। शहर में इस समय जगह-जगह निर्माण कार्य चल रहे हैं। लिहाजा, महत्वपूर्ण स्थानों पर भीड़ होने के चलते जाम की स्थिति बन जाती है। बावजूद इसके कुछ पुलिसकर्मी ड्यूटी में लापरवाही कर रहे हैं। यातायात निदेशक ने बुधवार शाम शहर के विभिन्न स्थानों का सीसीटीवी कैमरों से और स्थलीय निरीक्षण भी किया। निरीक्षण में पाया गया कि इन स्थानों तैनात यातायात पुलिसकर्मी कहीं और खड़े हुए थे। स्थिति वहां और भी दूभर हो गई जहां ट्रैफिक सिग्नल नहीं थे। सारी बातों को भूलाकर कई पुलिसकर्मी तो बूथ में आराम फरमाते मिले। जबकि, कुछ का तो अता पता ही नहीं था। सात महत्वपूर्ण स्थानों पर इस तरह का रवैया देखते हुए निदेशक ने सातों पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है। निलंबित पुलिसकर्मियों में आराघर टी जंक्शन से फव्वारा चैक तक- दारोगा अनूप सिंह, रिस्पना से विधानसभा- दारोगा द्वारिका प्रसाद, प्रिंस चैक से दून चैक तक-हेड कांस्टेबल लक्ष्मण सिंह, सीएम आवास गेट कांस्टेबल राजपाल, लॉर्ड वेंकटेश कट-कांस्टेबल भरत सिंह, ओरिएंट चैक-कांस्टेबल रणदीप कुमार व आईजी कट कांस्टेबल त्रिलोक शामिल हैं।

प्रदेश में 82 नए कोरोना संक्रमित मिले, तीन की मौत

देहरादून। उत्तराखंड में गुरुवार को ं82 नए कोरोना संक्रमित मिले, वहीं तीन मरीजों की मौत हुई है। कुल संक्रमितों की संख्या 95908 हो गई है, जबकि एक्टिव केस भी घटकर 1338 हो गए हैं। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, गुरुवार को 9040 सैंपलों की जांच रिपोर्ट निगेटिव आई है। वहीं, देहरादून जिले में 44, हरिद्वार में 17, नैनीताल में 11, ऊधमसिंह नगर में पांच, बागेश्वर और चमोली में एक-एक और पौड़ी में तीन केस आए हैं। वहीं, पिथौरागढ़, चंपावत, टिहरी, रुदप्रयाग, अल्मोड़ा और उत्तरकाशी जिले में कोई संक्रमित नहीं मिला है। प्रदेश में अब तक 1642 कोरोना संक्रमित मरीजों की मौत हो चुकी है। वहीं गुरुवार को 178 मरीजों को डिस्चार्ज किया गया। इन्हें मिलाकर 91597 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं। जबकि वर्तमान में 1338 सक्रिय मरीजों का उपचार चल रहा है। उत्तराखंड में पहले चरण में 50 हजार के लक्ष्य के सापेक्ष छह दिनों के भीतर 29 प्रतिशत से अधिक स्वास्थ्य कर्मियों ने कोविड वैक्सीन लगवाई है। आज भी ऊधमसिंह नगर जिले के सात केंद्रों रुद्रपुर, किच्छा, सितारगंज, खटीमा, काशीपुर, जसपुर और गदरपुर में वैक्सीनेशन किया गया। उत्तराखंड में 16 जनवरी को कोरोना टीकाकरण अभियान की शुरूआत की गई थी। तब से प्रदेश में छह दिन ही स्वास्थ्य कर्मियों को वैक्सीन लगवाई गई। केंद्र सरकार ने उत्तराखंड के लिए सप्ताह में चार दिन वैक्सीन लगाने का दिन निर्धारित किया है। कोरोना संक्रमितों के कम होते मामलों पर मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने इसका श्रेय टीमवर्क को दिया। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में पुलिस, आंगनबाड़ी, डाक्टरों ने बहुत अच्छा काम किया। उसका परिणाम है कि अभी तक उत्तराखंड कोरोना संक्रमण रोकने में देश के छह सबसे बेहतर राज्यों में शुमार है।

पापर्टी डीलर हत्याकांड का पुलिस ने किया खुलासा, चार आरोपी गिरफ्तार

देहरादून। राजधानी देहरादून के नेहरू कॉलोनी थाना क्षेत्र के माता मंदिर रोड अजबपुर में बुधवार रात हुए प्रॉपर्टी डीलर हत्याकांड का गुरुवार को पुलिस ने खुलासा किया। पुलिस और एसओजी की टीम ने 24 घंटे के भीतर आरोपियों को गिरफ्तार कर हत्या से जुड़े कई राज खोले हैं। पुलिस के अनुसार, प्रॉपर्टी डीलर राजू बॉक्सर की हत्या का ताना-बाना उसी के पार्टनर ने साथियों के साथ बुना था। पुलिस ने मास्टर माइंड समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। एसएसपी कार्यालय में गुरुवार को पत्रकार वार्ता में एसएसपी डॉ. योगेंद्र सिंह रावत ने बताया कि 27 जनवरी की रात सवा दस बजे माता मंदिर रोड अजबपुर में राजू बॉक्सर उर्फ राजेंद्र पुंडीर निवासी नेशविला रोड की स्कूटर सवार दो युवकों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। शुरुआती जांच में गोली चलाने वाले युवक की पहचान विनय कांबोज के रूप में हुई। मामले में राजू की पत्नी अर्चना पुंडीर की तहरीर पर अनिकेत और विनय कांबोज पर हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था। जांच में सामने आया कि राजू और शावेज खान पुत्र इनायतुल्ला खान निवासी अजबपुर पार्टनरशिप में प्रॉपर्टी का काम करते थे। पिछले कुछ दिनों से राजू और शावेज के बीच प्रॉपर्टी को लेकर विवाद की बात सामने आई। पता चला कि विनय कांबोज की शावेज के साथ जान-पहचान है। शावेज को बाईपास चैकी के पास से हिरासत में लेकर पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की। पूछताछ में शावेज ने संलिप्तता स्वीकार कर खुद को मास्टरमाइंड बताया। एसएसपी के अनुसार, शावेज ने अपने साथी विनय कांबोज पुत्र सुशील निवासी औरंगाबाद शेरपुर थाना बिहारीगढ़ सहारनपुर, अनिकेत पुत्र संजय काम्बोज निवासी बेहट सहारनपुर और फरीद खान पुत्र कासिम निवासी मोथरोवाला के साथ राजू बॉक्सर की हत्या का प्लान बनाया। 27 जनवरी की रात को राजू अजबपुर स्थित शावेज के प्लॉट पर पहुंचा, जिसकी सूचना शावेज ने विनय और अनिकेत को दी। सूचना पर स्कूटर से पहुंचे अनिकेत और विनय ने राजू की गोली मारकर हत्या कर दी और वहां से भाग गए। एसएसपी ने बताया कि हत्या की साजिश में शामिल फरीद के घर में दबिश देकर उसे गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने शावेज को भी गिरफ्तारी कर लिया। इसके बाद से पुलिस टीम अनिकेत और विनय की तलाश तेजी की। गुरुवार को एसपी सिटी सरिता डोबाल के नेतृत्व में पुलिस टीम ने अनिकेत और विनय को आईएसबीटी चैक के समीप से गिरफ्तार किया गया। दोनों देहरादून से भागने की फिराक में थे। उनके पास से घटना में प्रयुक्त दो पिस्टल और जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं। आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।

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देहरादून, गढ़ संवेदना न्यूज। एसजेवीएन के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक नन्द लाल शर्मा ने उत्तराखंड में जल विद्युत परियोजनाओं के क्षेत्र में निवे...